देवरिया। तरकुलवा सीएचसी पर प्रत्येक मंगलवार और शुक्रवार को नियमित रूप आंखों का ऑपरेशन होगा। हालांकि, अब भी कुछ जरूरी दवाओं और चश्मा की कमी बनी हुई है, जिसे क्षेत्रीय लोगों ने उपलब्ध कराने की मांग की है।
तरकुलवा सीएचसी पर पिछले चार महीने से नेत्र रोगियों के मोतियाबिंद का ऑपरेशन नहीं हो रहा था, क्योंकि अस्पताल पर इसके लिए जरूरी दवा और चश्मा का अभाव था। रोज सैकड़ों की तादात में मरीज यहां आते थे और बैरंग वापस लौट जाते थे। क्षेत्रीय मरीजों की इस समस्या को 16 जुलाई को अमर उजाला ने जरूरी दवाइयां और चश्मा खत्म, मोतियाबिंद का आपरेशन ठप शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित किया था। इसके बाद से स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अफसरों की नींद खुली और तरकुलवा सीएचसी के बंद पड़े ओटी को चालू कराने की तैयारी तेज हुई। अफसरों की ओर से ओटी कक्ष में एसी की व्यवस्था करवाई गई। जिला अस्पताल की आई ओटी से एक माइक्रोस्कोप उपलब्ध कराया गया है। ओटी को विसंक्रमित करने की मशीन, ओटी टेबल, सर्जिकल इंस्टूमेंट, सेमी फेंको आपरेशन की मशीन आदि को दुरुस्त करके फिर से नेत्र रोगियों के आंख का ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है। नेत्र सर्जन डॉ. पंकज श्रीवास्तव ने बताया कि शनिवार को तीन नेत्र रोगियों के आंख का ऑपरेशन किया गया। उन्होंने बताया कि अस्पताल में कुछ दवा और चश्मे की कमी है, इसके बावजूद हर मंगलवार और शुक्रवार को आंख का ऑपरेशन किया जाएगा। संवाद