- 10 घंटे बाद चालू हो सका पांडेचक फीडर
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर कारखाना। रात 11 बजे मेन लाइन में फाल्ट आ गया। इसके चलते देवरिया उत्तरी की बिजली गुल हो गई। दो दर्जन से अधिक कर्मचारियों के साथ दोनों उपकेंद्र के अवर अभियंता रात भर पेट्रोलिंग करते रहे, लेकिन फाल्ट नहीं मिलने से सुबह तक बिजली बहाल नहीं हो सकी। 10 घंटे बाद बिजली बहाल हुई, लेकिन 30 मिनट बाद ही फिर से गुल हो गई।
सोमवार की रात लगभग 11 बजे रात में कसया से आ रही मेन लाइन में फाल्ट हो गया। इसके चलते देवरिया उत्तरी की बिजली ठप हो गई। आपूर्ति बंद होते ही अधिकारियों के साथ-साथ कर्मचारियों के नंबर पर फोन कॉल आने शुरू हो गए। पांडेय चक अवर अभियंता मनीष कुमार पांडेय और इमलिया के इरफानुल्लाह अंसारी ने कर्मचारियों के साथ पेट्रोलिंग शुरू किया। धान के खेत में पानी भरा होने से कर्मचारियों को फाल्ट ढ़ूढ़ने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इसके बावजूद कर्मचारी रात भर पेट्रोलिंग करते रहे। रात भर मशक्कत के बाद भी फाल्ट नहीं मिल सका। इसके चलते रामपुर कारखाना, रुस्तमपुर, पांडेय चक और इमलिया उपकेंद्र से जुड़े फीडर की आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। रात भर आपूर्ति बंद रहने से उपभोक्ताओं को उमस भरी गर्मी में सांसत झेलनी पड़ी। सुबह फाल्ट मिलने के बाद कर्मचारियों ने ठीक किया और 10 घंटे बाद दोनों उपकेंद्र की बिजली बहाल हो सकी। हालांकि आधे घंटे बाद ही फिर से बिजली कट गई और लगभग डेढ़ घंटे के बाद फिर से आपूर्ति शुरू हो सकी। इसके चलते उपभोक्ता रात से ही हलकान रहे।
रामपुर कारखाना रुस्तमपुर पांडेचक फीडर से जुड़े उपभोक्ताओं का क्या कहना है की पांडे चक फीडर को देवरिया से जोड़ा जाए ताकि आए दिन विद्युत फाल्ट से उपभोक्ताओं को राहत मिल सके।