रुद्रपुर के दुग्धेश्वरनाथ मंदिर के गर्भगृह में लगी भक्तों की भीड़
सावन के पहले सोमवार को उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़, कांवड़ियों ने किए जलाभिषेक
घर के चौखट से साष्टांग होकर पहुंचे बाबा के दरबार
संवाद न्यूज एजेंसी
रुद्रपुर। पवित्र श्रावण मास के पहले सोमवार को दुग्धेश्वर नाथ धाम रुद्रपुर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। अहले सुबह से कावड़ियों का जत्था हर-हर, बम-बम का जयघोष करते मंदिर पहुंचने लगा। कावड़ियों ने दिनभर जलाभिषेक किया। शिव में अटूट आस्था रखने वाले श्रद्धालु घर के चौखट से साष्टांग होकर लेटते हुए बाबा के दरबार में पहुंचे। परिक्रमा की इस कठिन विधा को अपनाकर हर श्रावण मास में भक्त कई किलोमीटर लेटकर परिक्रमा करते हुए मंदिर पहुंचते हैं।
श्रद्धालु अर्धरात्रि से ही बरहज स्थित मोक्ष दायिनी मॉ सरयू का जल भरकर करीब 20 किलोमीटर पैदल चल कर मंदिर पहुंचने लगें। कावड़ियों का जत्था बरहज से चलकर महेंद्रानाथ होते हुए दुग्धेश्वर नाथ मंदिर में जलाभिषेक किया। कावड़ियों की सुविधा के लिए नगर पंचायत की ओर से ठहराव स्थल और पेयजल की व्यवस्था की गई। सुबह से रुक रूक हो रही बरसात के बावजूद श्रावण मास के पहले सोमवार को मंदिर पर श्रद्धालुओं का दिनभर तांता लगा रहा। इस अवसर पर एसडीएम विपिन दूबे नगर पंचायत और पुलिस की टीम की साथ मंदिर परिसर में जमे रहें। दर्शनार्थियों की सुरक्षा का विशेष इंतजाम किया गया। मंदिर परिसर में बेरिकेडिंग कर बड़ी और छोटी गाड़ियों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया गया। दो माह तक चलने पर श्रावणी मेंले में श्रद्धालुओं ने पूजन अर्चन के बाद जमकर खरीदारी की। मंदिर के महंथ विजयशंकर ने कहा कि अधिक मास के कारण इस वर्ष श्रावण का विशेष महत्व होने से श्रद्धालुओं की भीड़ अधिक हो रही है। शिव भक्तों की सुविधा के लिए मंदिर और स्थानीय प्रशासन की ओर से ठहराव की विशेष व्यवस्था की गई है।