देवरिया। अधिवक्ताओं की दीवानी न्यायालय परिसर में शुक्रवार को बैठक हुई। इसमें केंद्र सरकार की ओर से अचानक पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस की कीमत बढ़ाए जाने का विरोध किया गया। साथ ही इसे तत्काल वापस लेने की मांग की गई। डिस्टि्रक्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुभाष चंद्र राव ने कहा कि केंद्र सरकार जनहित में कार्य करना बंद कर टैक्स वसूलने और अपना वेतन बढ़ाने का कार्य कर रही है। गेहूं के फसल की कटाई, मड़ाई का समय चल रहा है। सरकार ने पेट्रोल व डीजल का दाम दो-दो रुपये बढ़ाकर किसानों की जेब पर हमला किया है। कहा कि मध्यम वर्ग के लोगों पर इस मूल्य वृद्धि का सीधा प्रभाव पड़ा है। गैस भी गरीब के जीवन का साथी बन चुका है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत न्यूनतम स्तर पर है, इसलिए पेट्रोल, डीजल व गैस का दाम कम होना चाहिए। संवाद