देवरिया। इलाहाबाद, फूलपुर का पूर्व सांसद अतीक अहमद देवरिया जेल में आम बंदियों की तरह ही रहेगा। आंतरिक सुरक्षा को लेकर जेल प्रशासन खासा परेशान है। खासकर जेल के अंदर हाई सिक्योरिटी बैरक नहीं होने से सुरक्षा संबंधी चिंता बनी हुई है।
सुरक्षा की जिम्मेदारी चंद बंदी रक्षकों के ऊपर होगी। शासन ने सबसे पहले मुख्तार अंसारी को बांदा जेल भेजा, फिर नैनी जेल में सजा काट रहे अतीक अहमद को देवरिया भेजा जा रहा है। सूत्रों ने बताया कि उसका नेटवर्क ध्वस्त करने के लिए यह कदम उठाया जा रहा है। बांदा जेल में बंद अतीक के साथी शीलू उर्फ शैलेंद्र को भी देवरिया लाया जाएगा। सोमवार तक अतीक अहमद को देवरिया जेल लाया जा सकता है। सूत्रों ने बताया कि जेल के अधिकारियों को अतीक अहमद पर कड़ी निगाह रखने के लिए कहा गया है।
हालांकि इस तरह के बंदियों के लिए हाई सिक्योरिटी बैरक, सीसीटीवी कैमरा, मेटल डिटेक्टर, वीडियो कांफ्रेंसिंग की सुविधा होनी चाहिए। जिला प्रशासन को जेल की बाहरी सुरक्षा कड़ी करने के लिए कहा गया है। दो बिंदुओं पर अतीक की सुरक्षा को लेकर चिंता है। पहला, उससे मिलने कई हाई प्रोफाइल लोग या आपराधिक किस्म के लोग आ सकते हैं, दूसरी चिंता जेल में उसकी दबंगई को लेकर है। इस बाबत जेल अधीक्षक रंग बहादुर पटेल ने कहा कि कोर्ट से अनुमति मिलने के बाद ही अतीक को देवरिया जेल लाया जाएगा। सोमवार तक उसके पहुंचने की उम्मीद है।
इस बाबत आईजी मोहित अग्रवाल ने बताया कि अतीक अहमद को लेकर पुलिस भी सतर्क है। अगर जेल प्रशासन सुरक्षा की मांग करता है तो उसे पूरा किया जाएगा। आंतरिक सुरक्षा की जिम्मेदारी जेल प्रशासन की है। उसने मिलने वालों पर नजर होगी। उसके साथ कोई काफिला नहीं चलने दिया जाएगा।