खेत में बिखरी राख में गेहूं की बालियों को तलाशते बच्चे।
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सलेमपुर। गर्मी शुरू होते ही आग का तांडव शुरू हो गया। शॉर्ट सर्किट से लगी आग में दो गांव के किसानों का करीब दस बीघे गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। काफी प्रयास के बाद गांववालों ने आग पर काबू पाया। सूचना के बाद भी फायर सर्विस का वाहन नहीं पहुंच सका। गांव पर पहुंचे राजस्वकर्मियों ने क्षति की अनुमानित रिपोर्ट तैयार की।
तहसील क्षेत्र के मिश्रौली गांव निवासी चंद्रशेखर मिश्र, राजकिशोर मिश्र और राजनरायण मिश्र का खेत परसन टोले में है। शनिवार को दिन में करीब चार बजे खेत के ऊपर से गुजरी बिजली की तार से शोला बनकर निकली चिंगारी विकराल रूप पकड़ लिया। देखते-देखते तीनों किसानों का करीब छह बीघे खेत मेें तैयार गेहूं की खड़ी फसल जलकर राख हो गई। गांववालों की सक्रियता के चलते अन्य किसानों की फसल बच गई। इसके साथ ही पास के मलकौली गांव में भी शॉर्ट सर्किट से गेहूं के खेत में आग पकड़ लिया।
इसमें गांव के संतोष पांडेय का एक बीघा, रामसहाय पांडेय का दस कट्ठा, रामसेवक पांडेय का पांच कट्ठा, रामबहाल का दस कट्ठा, रामजनक का 15 कट्ठा, रामबड़ी देवी का पांच कट्ठा, रामराज पांडेय का पांच कट्ठा खेत में फसल जलकर राख हो गई। लोगों ने अरहर के पौधे और मिट्टी के सहयोग से आग पर काबू पाया। किसानों का आरोप है कि आग लगने की सूचना तहसीलदार और एसपी के मोबाइल पर दिया गया।
बावजूद इसके न तो कई पुलिसकर्मी पहुंचा और न ही फायर सर्विस का वाहन। एसडीएम जयप्रकाश ने बताया कि मौके पर राजस्व निरीक्षक को भेजा गया है। वह अपनी रिपोर्ट देगा। उस हिसाब से जो भी आर्थिक मदद सरकारी तौर पर होगी। वह किसानों को दिया जाएगा।