भटनी। भाटपाररानी के कोड़रा गांव में स्थित टॉवर ठीक करने गए एक प्राइवेट लाइन मैन की करंट के चपेट में आने से मौत हो गई। हादसा होने के बाद टॉवर कर्मी मौके से फरार हो गए। आसपास के लोग उसे जिला अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंचे घरवालों ने विजली विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाकर जिला अस्पताल में हंगामा किया। कोतवाली पुलिस ने शव को पीएम के लिए भेजा है। भटनी के साहोपार के महदेवा टोला के रहने वाले राजन सिंह (20) सलेमपुर उपकेंद्र पर प्राइवेट लाइनमैन का काम करते थे। शनिवार शाम एक टॉवर कंपनी का कर्मचारी उन्हें लेकर लाइन ठीक करने भाटपाररानी के कोड़रा गांव में गया। राजन ने भाटपार रानी विद्युत उपकेंद्र के एसएसओ से शट डाउन लेकर पोल पर चढ़ गया और तार जोड़ने लगा। तभी बिजली आ गई। करंट लगने से लाइनमैन बुरी तरह से झुलस गया।
हादसा देख टॉवर के कर्मचारी मौके से फरार हो गए। करीब दो घंटे बाद आसपास के लोगों ने लाइनमैन को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। घटना की जानकारी होते ही लाइनमैन के घरवालों ने जिला अस्पताल में पहुंच कर बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घरवालों को शांत कराते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। राजन तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। उसके पिता मारकंडेय सिंह किसान हैं। जेई भाटपार रानी सुधीर यादव ने बताया कि उपकेंद्र से किसी तरह का कोई शट डाउन नहीं मिला था। कर्मचारियों ने फॉल्ट के वजह से टॉवर की लाइन बंद कर दिया था। टॉवर कर्मचारी सलेमपुर से किसी प्राइवेट आदमी से इसे जुड़वा रहे थे।