देवरिया/गौरीबाजार। शुक्रवार की सुबह गौरीबाजार और सोनूघाट चौराहे पर हुए सड़क हादसे में दो लोगों की मौत हो गई।
जबकि पंद्रह से अधिक लोग घायल हो गए। पहला हादसा सुबह सवा पांच बजे के करीब गौरीबाजार, पोखरभिंडा पेट्रोल पंप के पास हुआ जहां गोरखपुर सवारी लेकर जा रही अनुबंधित बस में टैंकर ने सीधे टक्कर मार दी। बस चालक की मौके पर मौत हो गई। जबकि सोनूघाट चौराहे पर अनुबंधित बस की चपेट में आने से एक बुजुर्ग की मौत हो गई।
नाराज लोगों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। पुलिस ने किसी तरह जाम को खुलवाया। कोतवाली, भुजौली कालोनी निवासी रंजन सिंह की देवरिया डिपो में अनुबंधित बस चलती हैं। चौरीचौरा, बरमही निवासी इंद्रजीत सिंह बस चालक थे। शुक्रवार की सुबह देवरिया डिपो से सवारी भर कर अनुबंधित बस गोरखपुर के लिए निकली।
सुबह सवा पांच बजे के करीब गौरीबाजार पोखरभिंडा नकटा नाले के पास एक टैंकर ने बस में सीधे टक्कर मार दी। हादसे में बस चालक इंद्रजीत सिंह की मौके पर मौत हो गई। बस में घायलों ने चीखपुकार मचानी शुरू कर दी जिससे पोखरभिंडा गांव के लोग मौके की तरफ दौड़े और बस में फंसे लोगों को मशक्कत के बाद बाहर निकला। सूचना पर एसओ शशांक शेखर राय भी फोर्स के साथ पहुंचे गए।
उन्होंने बताया कि हादसे के तुरंत बाद गांव के कई लोग पहुंचे और लोगों को बस से निकाल कर गाड़ी रोककर अस्पताल पहुंचाया। बस चालक गाड़ी में फंस गया था। उसे बाहर निकाला गया। बस में सवार पोखरभिंडा निवासी अनिल साहनी, कोन्हवलिया के विनय त्रिपाठी, सुनील, बस्ती-परशुरामपुर निवासी विश्वजीत, गौरीबाजार कस्बे के हाकिम, रुद्रपुर-सूरजपुर के रामअधार, राजेश्वर, बेलवनिया निवासी शिव सोनकर, समस्तीपुर निवासी शिव पंडित, निबही निवासी विजय निषाद, अमेठी निवासी दिनेश मिश्र, अमवा पांडेय निवासी निर्मला, सिरसिया निवासी गणेश ठाकुर, रामगुलाम टोला निवासी श्याम शर्मा घायल हो गए। सभी घायलों को जिला अस्पताल पहुंचा गया। चार लोगों की हालत गंभीर होने पर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
एसओ ने बताया कि बस में सवार अधिक सवारी घायल हो गए थे। आंधे घंटे के अंदर पुलिस भी पहुंच गई। स्थानीय लोगों ने हादसे में काफी मदद की। वहीं कोतवाली थानाक्षेत्र के सोनूघाट चौराहे के पास सड़क पार करने के दौरान एक बुजुर्ग अनुबंधित बस की चपेट में आ गया। नाराज लोगों ने सड़क जाम कर दिया। पुलिस के समझाने पर मामला शांत हुआ। सोनूघाट निवासी मोहन प्रसाद रेलवे के रिटायर्ड कर्मचारी थे। चौराहे पर वह मकान बनवाकर रहते हैं। सुबह वह पैैदल गांव वाली मकान पर जा रहे थे। वह सड़क पार कर रहे थे।
इसी बीच बरहज की तरफ से देवरिया जा रहे अनुबंधित बस ने मोहन को ठोकर मार दी। मौके पर उनकी मौत हो गई। बस चालक मौके से फरार हो गया। जानकारी होने पर गांव के सैकड़ों लोग पहुंचे और बरहज मार्ग पर जाम लगा दिया। करीब आंधे घंटे जक सड़क पर जाम लगा रहा। आवागमन बाधित होने की सूचना पर जेल चौकी प्रभारी और कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाने की कोशिश की। करीब आंधे घंटे के मान मनौव्वल के बाद जाम समाप्त हो सका।