देवरिया जिला कारागार से बाल गृह बालिका संचालिका से पूछताछ कर बाहर आती एसआईटी।
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देवरिया। मान्यता स्थगित होने के बाद भी संचालित हो रहे बालिका गृह व विशेषज्ञ दत्तक ग्रहण इकाई से बच्चों को विदेश भेजने के मामले में एसआईटी को अहम सुराग मिले हैं। इस मामले में गिरिजा त्रिपाठी के बेटे प्रदीप की अहम भूमिका मानी जा रही है। उसके विदेशियों से भी संबंध सामने आए हैं। मोबाइल में उनके नंबर और फेसबुक पर उनके साथ की कई तस्वीरें एसआईटी के हाथ लगी हैं। इन साक्ष्यों के आधार पर जल्द ही पुलिस उसके खिलाफ भी केस दर्ज कर जेल भेज सकती है। फिलहाल प्रदीप और उसकी पत्नी हिरासत में हैं। उनके पूछताछ की जा रही है।
कम्प्यूटर और इंटरनेट के इस्तेमाल में माहिर प्रदीप इसी के जरिए विदेशियों से संपर्क साधता रहा है। कई देशों में उसके संबंध सामने आए हैं। सूत्रों के मुताबिक इसी आधार पर वह विदेशी दंपती को इस संस्था से बच्चों को गोद लेने के लिए प्रेरित करता था। बाद में अफसरों से साठ-गांठ कर कागजी प्रक्रिया पूरी कराता था। इसी संदेह के आधार पर पुलिस ने प्रदीप को पहले हिरासत में लेकर पांच दिनों तक पूछताछ की। उसके बाद उसे छोड़ दिया। दो दिनों तक निगरानी के बाद फिर से हिरासत में ले लिया है। जांच टीम के हाथ मोबाइल फोन भी लगा है, जिससे कई साक्ष्य मिले हैं। सोशल मीडिया में भी प्रदीप कई विदेशियों के साथ तस्वीरों मेें है। बताया जा रहा है एसआईटी पूरे मामले में प्रदीप की भूमिका को संदिग्ध मान रही है। इधर, मुकदमे की जांच में उनकी कार को शामिल कर लिया गया है।