देवरिया। राजकीय बालगृह (बालक) की खिड़की तोड़कर फरार हुए चार किशोरों में से एक को पुलिस ने आजमगढ़ से ढूंढ निकाला है। बालगृह से फरार होकर वह घर पहुंच गया था। बाल संरक्षण इकाई के माध्यम से उसे वापस लाकर बालगृह में दाखिल करा दिया गया है। तीन अन्य किशोरों की तलाश चल रही है।
कोतवाली रोड पर एचडीएफसी गली में संचालित राजकीय बालगृह (बालक) से आठ मार्च की रात कमरा नंबर तीन की खिड़की तोड़कर चार किशोर फरार हो गए थे। सुबह इसकी जानकारी हुई तो हड़कंप मच गया। मामले में लापरवाही बरतने पर ड्यूटी से गैर हाजिर एक होमगार्ड को निलंबित कर दिया गया था, जबकि दूसरे होमगार्ड सहित बालगृह के कर्मचारियों के विरुद्ध सदर कोतवाली में केस दर्ज कराया गया है। पुलिस और प्रोबेशन विभाग की टीम किशोरों की तलाश कर रही थीं। इस बीच फरार आजमगढ़ निवासी किशोर के घर पहुंचने की जानकारी हुई। जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रभात कुमार ने संबंधित जिले के डीपीओ से संपर्क किया।
बाल संरक्षण इकाई आजमगढ़ की टीम किशोर को बड़हलगंज तक ले आई, जहां से जिले की टीम ने किशोर को अपनी सुपुर्दगी में ले लिया। गुरुवार को किशोर को राजकीय बालगृह में दाखिल करा दिया। पूछताछ में किशोर ने बताया कि बालगृह से फरार होने के बाद सभी रेलवे स्टेशन चले। यहां से वह घर जाने के लिए बनारस जाने वाली ट्रेन पर सवार हो गया, जबकि अन्य गोरखपुर जाने के लिए स्टेशन पर ही थे। बनारस होते हुए वह मंगलवार को आजमगढ़ पहुंचा। जिला प्रोबेशन अधिकारी ने बताया कि एक किशोर को बालगृह में दाखिल करा दिया गया है। अन्य तीनों की तलाश की जा रही है। जल्द ही उनका भी पता लगा लिया जाएगा।