राजस्व विभाग से संपत्ति का पता लगाने की तैयारी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। व्यापारी पुत्र के अपहरण में फंसे पूर्व मंत्री अमरमणि की संपत्ति में सिर्फ दो भूखंड होने की बात पर न्यायालय को संदेह है। कोई भी अचल संपत्ति न पाया जाना भी हैरान करता है।
ऐसे में न्यायालय खुद राजस्व विभाग के जरिए पता लगाना चाहता है कि आरोपी की अन्य कोई संपत्ति है या नहीं। इसीलिए जिलाधिकारी से रिपोर्ट मांगी गई है। माना जा रहा है कि न्यायालय अन्य जनपदों से भी यह जानकारी संग्रहित करा सकता है। ताकि कुर्की की कार्रवाई में कोई भी संपत्ति बचने न पाए।
20 जनवरी को सुनवाई के दौरान कोतवाल चंदन कुमार ने जो रिपोर्ट प्रस्तुत की, उसके अनुसार, अमरमणि निवासी हुमायूंपुर दक्षिण थाना कोतवाली, जिला गोरखपुर की महराजगंज, गोरखपुर एवं लखनऊ में कोई चल संपत्ति नहीं पाई गई। महराजगंज व लखनऊ में दो अचल संपत्ति है। ये दोनों संपत्तियां जिलाधिकारी बस्ती के अधिकार क्षेत्र से बाहर हैं।
ऐसे में विशेष न्यायाधीश ने जिलाधिकारी बस्ती को निर्देश दिया था कि वह स्थिति स्पष्ट करें कि अमरमणि की बस्ती जनपद में कोई चल या अचल संपत्ति है या नहीं ताकि महराजगंज और लखनऊ में आरोपी की संपत्ति कुर्क करने के संबंध में प्रमुख सचिव गृह को निर्देशित किया जा सके। मंगलवार को सुनवाई के दौरान डीएम की ओर से इस मुद्दे पर कोई रिपोर्ट दाखिल नहीं की गई, जिस पर कोर्ट ने डीएम को रिमाइंडर जारी किया।