बरहज। स्थानीय रेलवे स्टेशन परिसर में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे कांग्रेसियों ने 72 घंटे बाद शनिवार को बरहजिया ट्रेन रोकने का फैसला किया था। जिसको देखते हुए ट्रेन आने पर सुरक्षाकर्मी प्लेटफार्म पर दीवार की तरह खड़े हो गए। उधर, मांगें पूरी न होने पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का अधिकारियों से नोंकझोंक भी हुआ। आश्वासन के बाद धरना समाप्त हुआ। कार्यकर्ताओं ने एक महीने में सभी मांगें पूरी न होने पर दोबारा आंदोलन की चेतावनी दी है। बरहज रेलवे स्टेशन परिसर में कांग्रेस नेता और शहीद अंशुमान सिंह के पिता रिटायर आर्मी कैप्टन रविप्रताप सिंह जनसमस्याओं को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर थे। वह परिसर में प्याऊ, शौचालय और सुरक्षा की मांग कर रहे थे। उन्होंने समस्याओं से अधिकारियाें और मंत्रालय को भी अवगत कराया था। इसके बाद धरनारत लोगों ने शनिवार को कार्यकर्ताओं के साथ बरहजिया ट्रेन को रोकने का फैसला लिया था। इससे पहले ही सुरक्षाकर्मी स्टेशन परिसर में दीवार की तरह घेरा बनाकर खड़े हो गए। काफी नोंकझोंक और आरपीएफ के प्रभारी निरीक्षक आस मोहम्मद के आश्वासन के बाद कार्यकर्ता मान गए। इस मौके पर राकेश तिवारी भोला, सूर्यप्रताप सिंह, उग्रसेन सिंह, रविप्रकाश तिवारी, जितेंद्र जायसवाल, राधारमण पांडेय, आचार्य हरेंद्र नाथ मिश्र, अखिलेश सिंह, बृजेश सिंह, कष्णा सिंह, समरबहादुर, उत्तम सिंह, चंद्रभूषण पांडेय आदि मौजूद रहे।