कोर्ट के आदेश पर सात लोगों पर धोखाधड़ी का केस
तहसील से फर्जी अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र बनवाने का मामला
भाटपाररानी। थाना क्षेत्र के ग्राम महुजा में एक ही परिवार के सात लोगों पर तहसील से फर्जी अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र बनवाने पर सोमवार की देर शाम न्यायालय के आदेश पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की विवेचना में जुटी हुई है।
ग्राम महुजा निवासी निखिल कुमार ने अपने वाद में कहा है कि गांव के परमहंस, पिछड़ी जाति ततवा के हैं। उन्होंने गांव के ही जद्दू प्रसाद व तहसील कर्मियों की मिलीभगत से अपने को अनुसूचित जाति बताते हुए पत्नी बनवा देवी, पुत्र सोनू, राजकपूर, रोशन और रंभा के नाम से अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र बनवाकर सरकारी योजनाओं का लाभ वर्ष 2021 से ले रहे हैं।
वादी निखिल कुमार ने कहा है कि तहसील से जांच में पाया गया कि ततवा जाति पिछड़ी जाति में आती है। उसने प्रमाण सहित इसके विरुद्ध स्थानीय थाना से लेकर पुलिस अधीक्षक और आईजी डीआईजी तक न्याय की गुहार लगाई, लेकिन कुछ नहीं हुआ। थक-हार कर उसने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने परमहंस, बनवा देवी, सोनू, राजकपूर, रोशन, रंभा और जद्दू निवासी महुजा, थाना भाटपाररानी, तहसील भाटपाररानी पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
थानाध्यक्ष मृत्युंजय सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर सात लोगों के विरुद्ध धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है। विवेचना की जा रही है।