संवाद न्यूज एजेंसी
सलेमपुर। बाबा के नाम से चर्चित राज घराने के एक युवक के संघर्ष की बदौलत बिंदू मल्ल मझौलीराज की चेयरमैन निर्वाचित हुईं हैं। हालांकि इसके पहले उनके चचेरे ससुर हीराजी चेयरमैन रहे हैं। उनके ससुर राजा अवधेश प्रताप मल्ल बरहज व सलेमपुर के विधायक रह चुके हैं। काफी दिनों से राजनितिक हलचल से दूर रहा राज घराना इस जीत के साथ ही चर्चा में आ गया है।
विंदू मल्ल के बेटे अभिषेक प्रताप मल्ल तीन चार वर्षों से जनता के बीच लोकप्रिय हो गए कि हर लोगों के जुबान पर बाबा के नाम से चर्चा होने लगी। जनता इस बार कम उम्र होने के चलते उन्होंने इस बार अपनी मां विंदू मल्ल को अध्यक्ष पद के लिए चुनाव मैदान में उतारा। लेकिन मां के जगह वह स्वंय लोगों बीच पहुंच कर वोट मांगा। इसका असर रहा कि उन्हें कामयाबी मिली। हालांकि मतगणना के दौरान देर शाम तक काफी उतार चढ़ाव होता रहा। नव निर्वाचित चेयरमैन विंदू मल्ल ने बताया कि अभिषेक के संघर्ष के वजह से आज मैं चेयरमैन निर्वाचित हुई हूं। जनता ने जिस प्रकार मुझ पर भरोषा जताया है। मैं शपथ ग्रहण के बाद उनका कर्ज उतारने का प्रयास करुंगी।