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भाकियू नेता और भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष भिड़े

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विकास भवन में आयोजित किसन दिवस में भडके भकीयु कार्यकर्ता। संवाद - फोटो : DEORIA
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भाकियू नेता और भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष भिड़े
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किसान दिवस की बैठक में हुआ जमकर हंगामा, धरने पर बैठे भाकियू नेता
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। माह के हर तीसरे बुधवार को आयोजित होने वाले किसान दिवस की बैठक में बुधवार को विकास भवन के सभागार में जमकर हंगामा हुआ। मुख्य राजस्व अधिकारी के बगल में बैठने को लेकर भाकियू जिलाध्यक्ष और भाजपा के किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष भिड़ गए। भाकियू नेताओं ने जमकर नारेबाजी की। किसान नेता मुख्य गेट पर धरना देने लगे। सीडीओ रविंद्र कुमार के हस्तक्षेप के बाद नाराज नेता मान गए और बैठक हुई।
सभागार में सुबह किसान दिवस पर बैठक शुरू हुई। सबसे पहले बैरौना के बड़े शाही ने एलडीएम से केवाईसी के बारे में मांगी गई सूचना के बारे में जानकारी मांगी। इस पर एलडीएम ने कहा कि शिकायत और मांगी गई सूचना निराधार है। बड़े शाही खुद चीटिंग कर रहे हैं। इस शब्द को लेकर किसान नेता हंगामा करते हुए कहे गए शब्द वापस लेने की मांग करने लगे। कुछ देर तक हंगामे के बाद उन्होंने शब्द को वापस लेने की घोषणा की तो किसान नेता माने।
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इसके बाद बैठक शुरू होने पर मुख्य राजस्व अधिकारी अमृत लाल विंद पहुंचे। वह किसानों की बातों को सुनने लगे। कुछ देर में भाजपा किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष पवन मिश्र आ गए और सीआरओ के बगल में वीआईपी कुर्सी पर बैठ कर किसानों की समस्याएं सुनने लगे। इसी बात को लेकर भाकियू नेता और जिलाध्यक्ष राघवेंद्र प्रताप शाही सहित अन्य भड़क गए।
सभी आरोप लगाने लगे कि यह भाजपा की बैठक नहीं है। कैसे सीआरओ के बगल में बैठे हैं। इसको लेकर किसान नेता उग्र हो गए और भाजपा नेता से भिड़ गए। दोनों के बीच नोकझोंक शुरू हो गई। वे एक-दूसरे को देख लेने की धमकी देते रहे। इससे नाराज होकर भाकियू नेता मुख्य गेट पर धरना देने लगे और नारेबाजी करने लगे।
इसकी जानकारी होने पर सीडीओ रविंद्र कुमार मौके पर पहुंचे और शांत कराने के बाद उन्हें बैठक में वापस लाए। इसके बाद किसान दिवस की बैठक संपन्न हुई। भाकियू के जिलाध्यक्ष राघवेंद्र प्रताप शाही ने कहा कि भाजपा के नेता किस अधिकार से वीआईपी कुर्सी पर अधिकारी के बगल में बैठे थे। इसी को लेकर हंगामा हुआ है।
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भाजपा के किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष पवन मिश्र का आरोप है कि किसान यूनियन के लोग बैठक में प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री के विरोध में नारे लगा रहे थे। इसका विरोध करने पर किसान यूनियन ने बैठक का माहौल खराब करने की कोशिश की। बैठक में विनोद गुप्ता, धनंजय सिंह, सुरेंद्र चौहान, सुदामा आदि मौजूद रहे।
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