- अखिलेश को शक था कि मंटू कुमार ने पुलिस के साथ मिल भेजवाया था जेल
- जेल से निकलने के बाद मंटू कुमार से बढ़ाई दोस्ती, कभी नहीं होने दिया शक
- मेहरौना में गोली मार लाहिलपार लाकर दे दिया घटना को दूसरा रूप
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। बरियारपुर थाने के लाहिलपार में गोली कांड का खुलासा कर पुलिस ने तीन आरोपितों को जेल भेज दिया। जेल जाने वाले तीनों आरोपित मंटू कुमार के दोस्त हैं, जो दिन रात उसके साथ रहते थे। अपने बयान में अखिलेश कुमार ने पुरानी रंजिश में गोली मारने की बात स्वीकारी है।
पुलिसिया पूछताछ में कार में मौजूद रुद्रपुर के मिश्रौलिया के अखिलेश कुमार ने खुलासा किया कि पुरानी रंजिश में उसने सदर कोतवाली के खोराराम निवासी मंटू कुमार (24) को रविवार को मेहरौना में गोली मारी थी। उसने बताया कि पूर्व में पिस्टल के साथ कोतवाली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा था। मंटू ने ही उसकी गिरफ्तारी कराई थी। इसी बात से वह खार खाया हुआ था, लेकिन मंटू को इसकी भनक न लगी। वह अपने दो साथी सुरौली के प्रमोद कुमार और शहर के सीसी रोड रामनाथ के विक्की शुक्ला के साथ खोराराम पहुंचा।
इसके बाद मंटू कुमार को कार में बैठा लिया। मेहरौना में मैंने ने पिस्टल निकाल कार में ही मंटू को गोली मार दी। गोली चलने की आवाज सुन बाबा के स्थान के पास मौजूद लोग उनकी तरफ बढ़ने लगे तो वे लोग वाहन घुमा कर फरार हो गए। वहां से लाहिलपार दुर्गा मंदिर से कुछ दूरी पर पहुंचकर बाइक सवार बदमाशों के मंटू को गोली मारने की अफवाह फैला दी। इसके बाद अपने साथियों के साथ मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराने के बाद फरार हो गया। उसने पुलिस को दिग्भ्रमित करने के लिए यह चाल चली थी, लेकिन टॉवर लोकेशन ने उसके मंसूबों पर पानी फेर दिया।
एसपी सकंल्प शर्मा, सीओ सलेमपुर दीपक मिश्र ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद आसपास मौजूद सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी चेक की थी। कुछ खास नहीं मिलने पर पुलिस ने टॉवर लोकेशन का सहारा लिया तो घटना का पटाक्षेप हो गया।
हिरासत में लेने पर असलहा चेक करते समय गोली चलने की कही थी बात
मंटू कुमार के साथ घटना के समय मौजूद रुद्रपुर के मिश्रवलिया गांव निवासी अखिलेश इस गोलीकांड का मास्टरमाइंड निकला। उसने अपनी रंजिश मिटाने के लिए मंटू को घर से बुलाकर मेहरौना ले गया। वहां लेकर जाकर उसने कार में ही गोली मार दी। इसके बाद लेकर लाहिलपार पहुंचा। वहां घटना को दूसरी तरफ मोड़ने के लिए बदमाशों पर गोली मारने का मनगढ़त आरोप लगा दिया। इसके पुलिस ने जब तीनों को उठाया तो गाड़ी में असलहा चेक करते समय गोली चलने की बात कही। उसके अनुसार चेक करते समय फॉयर हो गया और मंटू को लग गई।
कोट
लाहिलपार गोलीकांड का खुलासा कर पुलिस ने तीन आरोपियों को जेल भेज दिया है। घटना में प्रयुक्त पिस्टल व कार को बरामद कर लिया गया है। गिरफ्तार अखिलेश ने मंटू को गोली मारने की बात स्वीकारी है। इसमें उसके दोनों दोस्तों ने सहयोग किया था।
-दीपक शुक्ला, सीओ सलेमपुर