शहर के पुलिस लाइंस के निकट सुबह स्कूटी सवार दो लोग जा रहे थे। इस दौरान टहल रहे लोगों ने देखा कि पीछे बैठा व्यक्ति धीरे धीरे गिरने की स्थिति में है जबकि स्कूटी चालक इससे अनभिज्ञ था। लोगों के शोर मचाने पर स्कूटी सवार ने स्कूटी रोक दी। टहल रहे डायल 112 के प्रभारी ने अपने सहयोगियों के साथ बुजुर्ग को स्कूटी से उतारकर सड़क पर लिटाया और सीपीआर दिया, जिससे बेहोश युवक होश में आ गया।
युवक को ईलाज के लिए मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। जहां उसकी स्थिति सामान्य है। जिले के डायल 112 प्रभारी सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार सिंह नित्य की भांति सुबह के समय पुलिस लाइन के निकट टहल रहे थे। इस दौरान एक स्कूटी पर सवार दो व्यक्ति पुलिस लाइन से रुद्रपुर रोड की तरफ कहीं जा रहे थे।
पुलिस लाइन के निकट आरो प्लांट के पास स्कूटी पर पीछे बैठा हुआ बुजुर्ग व्यक्ति अचानक वाहन चलते समय पीछे की तरफ धीरे धीरे लटकने लगा। टहल रहे लोगों ने चिल्लाया कि पीछे वाला व्यक्ति गिर रहा है पीछे वाला व्यक्ति गिर रहा है। स्कूटी चालक ने अपने को संभालते हुए अपनी स्कूटी को रोका।
तब तक पीछे बैठे व्यक्ति का सिर पिछली पहिया के पास आ गया। सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार सिंह ने तत्काल अपने सहयोगियों हेड कांस्टेबल मोहम्मद तबरेज और हेड कांस्टेबल धनुषधारी तिवारी की मदद से अचेत व्यक्ति को स्कूटी से उतार कर तत्काल सड़क पर लिटाया।
विनोद सिंह ने कार्डियक अरेस्ट के अंदाजे पर अचेत व्यक्ति को 5 मिनट तक CPR दिया। जिससे अचेत व्यक्ति धीरे-धीरे होश में आने लगा। होश में आने पर उक्त व्यक्ति ने अपना नाम राम आशीष यादव निवासी लक्ष्मी नारायण मंदिर के पीछे थाना कोतवाली बताया।
इसके बाद लोगों ने उसे ईलाज के लिए देवरहा बाबा स्वायत्तशासी राज्य मेडिकल कॉलेज भिजवाया। जहां वह ईलाज के दौरान स्थिति सामान्य है। बुजुर्ग की जान बचाने वाले सब इंस्पेक्टर विनोद सिंह मूल रुप से आजमगढ़ जिले के निवासी हैं।1995 में उत्तर प्रदेश पुलिस में कांस्टेबल पद पर भर्ती हुए और 2012 सब इंस्पेक्टर के पद पर प्रोन्नत हुए हैं। जिले के विभिन्न थानों पर तैनात रहे विनोद सिंह डायल 112 में प्रभारी के तौर पर सेवा दे रहे हैं