सलेमपुर। रक्षाबंधन पर योगी सरकार ने महिलाओं को नि:शुल्क में यात्रा करने का फरमान जारी किया था। इसके बावजूद घंटों रोडवेज की बसों का दर्शन नहीं हुआ। कोई बस नजर भी आई तो उसमें चढ़ने के लिए महिलाएं धक्कामुक्की कर रही थीं। मजबूरन महिलाओं को प्राइवेट साधन से भाइयों की कलाई में राखी बांधने के लिए उनके घर जाना पड़ा। प्रदेश सरकार ने महिलाओं को लुभाने के लिए रक्षाबंधन के पर्व पर रोडवेज की बसों में नि:शुल्क यात्रा करने का फरमान जारी किया। सोमवार की सुबह सात बजे बहनें अपने भाइयों के घर जाने के लिए बस अड्डे पहुंच गईं। महिलाएं बसों के पीछे दौड़ती रही लेकिन जगह नहीं मिली। भाई के कलाई में राखी बांधने के लिए बहनों को साधन के लिए सड़क पर घंटों बसों का इंतजार करना पड़ा। बसों में भीड़ को देखते हुए अधिकांश महिलाएं प्राइवेट साधनों के सहारे अपने भाइयों की कलाई में राखी बांधी। ग्रामीण क्षेत्रों में बस की सुविधा नहीं होने से आटो चालकों ने जमकर चांदी काटी। आटो चालकों ने रोडवेज सवारी भरने के साथ-साथ मनमानी किराया भी वसूला। बसों की संख्या रोज की भांति कम होने के चलते महिलाओं को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।