बीएड द्वितीय वर्ष की परीक्षा में 16 नकलची पकड़े गए
देवरिया। संत विनोबा पीजी कॉलेज में बीएड द्वितीय वर्ष की परीक्षा में 16 नकलची पकड़े गए। इन्हें परीक्षा से रस्टिकेट कर दिया गया। सात महाविद्यालयों के 450 परीक्षार्थी यहां परीक्षा दे रहे हैं।
बीएड की परीक्षा शहर के संत विनोबा स्नातकोत्तर महाविद्यालय व बीआरडी पीजी कॉलेज में चल रही है। यहां विभिन्न महाविद्यालयों में संचालित बीएड पाठ्यक्रम के परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। बुधवार को जनसंख्या एवं पर्यावरण शिक्षा के प्रश्न पत्र में आंतरिक जांच दल ने कुल 16 छात्र-छात्राओं को अनुचित साधन का प्रयोग करते हुए पकड़ा। प्राचार्य डॉ.अर्जुन मिश्र के नेतृत्व में महाविद्यालय की आंतरिक उड़ाका दल की टीम ने परीक्षा के अंतिम दिन परीक्षार्थियों की गहन चेकिंग की। कई परीक्षार्थी अनुचित साधन का प्रयोग करते हुए पकड़े गए। प्राचार्य ने बताया कि चिट के माध्यम से नकल करते हुए 16 परीक्षार्थी पकड़े गए हैं। इनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही की गई है। परीक्षा प्रभारी डॉ.भूपेेश मणि ने बताया कि इसमें बहादुर यादव मेमोरियल महाविद्यालय भटनी का एक, राजेंद्र महाविद्यालय बनकटिया दूबे के 13 एवं श्रीकृष्ण उपाध्याय महिला महाविद्यालय के दो परीक्षार्थी शामिल हैं। उड़ाका दल में डॉ. अशोक सिंह, डॉ. विवेक मिश्र, डॉ. चंद्रेश बारी, डॉ. शगुफ़्ता अफरोज एवं डॉ. अवनीश राव शामिल रहे।
बीआरडी में कई परीक्षार्थियों की छूटी परीक्षा
देवरिया। बीआरडी पीजी कॉलेज में बुधवार को कई परीक्षार्थियों की परीक्षा छूट गई। गोरखपुर विश्वविद्यालय की ओर से पूर्व में घोषित परीक्षा कार्यक्रम में कुछ बदलाव किया गया है। इसके तहत पहले 25 जुलाई को दोपहर दो से पांच बजे तक होने वाली परीक्षा एक अगस्त को सुबह 9 से 12 बजे एवं 27 जुलाई को दोपहर दो से पांच बजे तक की परीक्षा तीन जुलाई को सुबह नौ से 12 बजे तक कर दी गई। अधिकांश परीक्षार्थियों को इसकी खबर सही समय पर नहीं हो पाई। महाविद्यालयों की ओर से भी इस बदलाव की सूचना संबंधित परीक्षार्थियों को समय से नहीं दी गई। बीआरडी के प्राचार्य डॉ.शरद चंद मिश्र ने बताया कि सही समय पर सूचना नहीं दिए जाने से कुछ परीक्षार्थियों की परीक्षा छूट गई है। इसमें हीरामन कॉलेज के कुछ परीक्षार्थी परीक्षा समाप्त होने के बाद पहुंचे थे। कॉलेज वालों को अपने परीक्षार्थियों को सही समय की सूचना देनी चाहिए थी।