खोही (चित्रकूट)। अमावस्या मेले के दूसरे दिन हजारों श्रद्धालुओं ने मंदाकिनी में डुबकी लगाई। दो दिन तक चले अमावस्या मेला शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होने पर प्रशासन ने भी राहत की सांस ली।
भगवतधाम के आचार्य नवलेश दीक्षित ने बताया कि आषाढ़ी अमावस्या शुक्रवार की सुबह से लेकर शनिवार की सुबह लगभग सवा छह बजे तक रही। इसी कारण हजारों श्रद्धालुओं ने शनिवार की सुबह भी मंदाकिनी में डुबकी लगाकर पूजन किया। इसके बाद कामदगिरी की परिक्रमा की। बरहा हनुमानमंदिर के पास दूसरे दिन भी आचार्य डॉ. विपिन विराट और उनके साथ कई समाजसेवियों ने श्रद्धालुओं को शर्बत आदि पिलाया।
हाथरस कांड के बाद से इस अमावस्या को लेकर जिला प्रशासन सतर्क रहा। शनिवार की शाम से मेला का समापन हो गया। रात से बड़े वाहनों की नो इंट्री पर रोक भी हट गई।