फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

युवा अवस्था से ही समाज सेवा में जुटे थे नानाजी

विज्ञापन
Nanaji was engaged in social service from a young age - फोटो : CHITRAKUTT
विज्ञापन
चित्रकूट। दीनदयाल शोध संस्थान के संस्थापक समाज सेवी स्व. नानाजी देशमुख युवा अवस्था से ही देश की सेवा में जुट गए। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ मेें शामिल होने के बाद जनसंघ को मजबूत करने के लिए कार्य किया। 1977 में गोंडा लोकसभा का चुनाव जीत कर सांसद बने। इसके बाद राजनीति से पूरी तरह से संन्यास लेकर गोड़ा जिले की समाज सेवा में जुट गए। वहां से 1990 - 91 में चित्रकूट में आकर बस गए। जहां ग्रामोदय विश्वविद्यालय की स्थापना कर दीनदयाल शोध संस्थान के 500 गांवों में विकास कार्य किया। जिसके लिए 1999 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया।1999 में राज्यसभा के लिए मनोनीत हुए। अब उनको भारत रत्न से केंद्र सरकार 8 अगस्त को सम्मानित करने जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें