पुलिस की नादानी से सात लाख का इनामी डाकू बबुली कोल एक बार फिर गैंग समेत फिर बच निकला। टिकरिया रेलवे स्टेशन के पास लगभग दो घंटे तक पुलिस से गैंग की सीधी मुठभेड़ हुई। बिना तैयारी के पहुंची पुलिस उसे रोक नहीं सकी। मुठभेड़ से पहले गैंग ने क्षेत्र में जमकर कहर बरपाया। शराब के नशे में चूर होकर राहगीरों, ट्रक-टेंपो चालकों से मारपीट और लूटपाट की। टिकरिया रेलवे स्टेशन पर भी फायरिंग कर यात्रियों से लूटपाट की और दहशत फैलाई। पुलिस ने मौके से कई खोखे के अलावा आधा दर्जन गमछे, पानी की बोतल, एक मोबाइल व टूथपेस्ट आदि बरामद किए हैं।
जानकारी के अनुसार मारकुंडी थानाक्षेत्र के टिकरिया इटवां मार्ग पर कुख्यात इनामी डाकू बबुली कोल गैंग ने मंगलवार को तड़के ही जबरन एक शराब ठेका खुलवाकर शराब पी और फिर उस मार्ग से गुजरने वाले ट्रक व टेपों को रोककर चालकों को पीटा, उनकी नगदी लूटी। इसी दौरान अनूपपुर बिजुरी कालरी निवासी सुशील द्विवेदी पुत्र रामकिशोर, उनकी पत्नी कमलादेवी, पुत्र शिवम, शुभम व पुत्री स्नेहा द्विवेदी अपनी स्कार्पियो से रिश्तेदार से मिलने मानिकपुर आ रहे थे।
रास्ते में डाकुओं ने वाहन रोका और चालक जोधा सिंह पुत्र रामऔतार को पकड़कर पीटने लगे। उसका मोबाइल छीना और वाहन में बैठे यात्रियों से भी नगदी व मोबाइल निकालने को कहा। इसी दौरान आनाकानी करने पर डकैतों ने महिला व उसके पति को असलहे दिखाकर थप्पड़े मारे। किसी तरह वहां से जान बचाकर भागे परिवार ने मानिकपुर के रिश्तेदार को घटना की जानकारी दी। रिश्तेदार ने पुलिस सूचना दी। कुछ देर बाद मारकुंडी थाने की पुलिस फोर्स आने की आहट पाकर डकैत रेलवे स्टेशन की ओर भागे।
सुबह टिकरिया स्टेशन पर ट्रेेन का इंतजार कर रहे कई यात्रियों के मोबाइल छीनकर बैग लूटा और हवाई फायरिंग कर दहशत फैलाई। इस दौरान पुलिस टीम स्टेशन के उत्तर दिशा में मौजूद एक स्कूल में घुसकर घेराबंदी करने लगी।
पुलिस को देखकर डाकू गैंग ने दो सौ मीटर दूर एक महुअे के पेड़ के पीछे से ओट लेकर फायरिंग करने को पुलिस टीम को ललकारने लगा। डकैतों की संख्या एक दर्जन होने और थाना पुलिस की टीम में आधा दर्जन सदस्य ही होने के कारण थानाध्यक्ष स्वामीनाथ ने कंट्रोलरूम में सूचना देकर पुलिस अधीक्षक को घटना की जानकारी दी।
इसके बाद लगभग डेढ़ घंटे बाद भारी पुलिस फोर्स लेकर पुलिस अधीक्षक प्रताप गोपेंद्र सिंह घेराबंदी में पहुंचे। दोनों ओर से फायरिंग शुरु हुई। दोनों ओर से लगभग दो घंटे तक फायरिंग हुई लेकिन बाद में पुलिस को आगे बढ़ता देख डाकू गैंग जंगल की ओर भाग निकला। पुलिस अधीक्षक प्रताप गोपेंद्र सिंह ने बताया कि स्कार्पियो में लूटपाट का शिकार हुए परिवार की तहरीर पर डाकू बबुली कोल गैंग के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। मध्यप्रदेश पुलिस से भी मदद मांगी गई है।