यहां डाॅक्टर ने दरोगा को मृत घोषित कर दिया। हादसे का शिकार रामशेखन साइकिल में गुब्बारे लगाकर लालापुर आश्रम में लगे मेले में बेचने जा रहा था। दरोगा श्यामप्रकाश तीन भाई थे। वह बांदा जिले के महुटा चौकी इंचार्ज थे। उनके एक पुत्र है। पत्नी सीमा भास्कर का रो-रोकर बेहाल है। घटना की जानकारी होते ही बांदा व चित्रकूट के पुलिस अधिकारी अस्पताल पहुंचे।
दरोगा की पत्नी और बच्चे को ढांढ़स बंधाया। पोस्टमार्टम के बाद दरोगा के शव को लेकर पुलिस टीम बांदा पुलिस लाइन रवाना हुई। वहां उन्हें गार्ड आफ ऑनर दिया जाएगा। उधर, मृतक मजदूर के पुत्र जगराज ने बताया कि वह तीर्थ क्षेत्र में साइकिल से गुब्बारे बेचने का काम करते थे। उनके दो पुत्र व तीन पुत्रियां हैं। पत्नी मतलेश देवी का रो-रोकर हाल बेहाल है।