चकिया। स्थानीय कोतवाली के छीतमपुर गांव में डायरिया का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को गांव से उल्टी दस्त होने पर दो और डायरिया पीड़ितों शीतल (17) तथा बिहारी (45) को जिला संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। इससे गांव में डायरिया पीड़ितों की संख्या बढ़कर 28 हो गई है। छीतमपुर गांव में पिछले एक सप्ताह पूर्व डायरिया का प्रकोप आरंभ हुआ था। इसके कारण गांव के 26 लोगों को एक-एक करके जिला संयुक्त चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था। जिन्हें ठीक होने के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया था लेकिन गांव में शुद्ध पेयजल की समस्या को दूर नहीं किया गया। इसके कारण शुक्रवार को डायरिया ने पुन: पांव पसार लिया। ग्रामीणों का कहना है कि शहाबगंज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की ओर से चार दिन पहले ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव किया गया था लेकिन उसके बाद कुछ नहीं हुआ। गांव में दूषित पेयजल की समस्या जस की तस बनी हुई है। इस संबंध में चिकित्सक डॉ. आरआर यादव ने कहा कि दूषित पेयजल के कारण डायरिया फैला है डायरिया पीड़ितों के लिए सभी सुविधाएं चिकित्सालय में मौजूद है।