पीडीडीयू नगर। अच्छे कार्य करने के लिए मुहूर्त नही देखना चाहिए। यदि कामना परक काम है तब तो मुहूर्त देखने की जरूरत है लेकिन अच्छे कर्म के लिए मुहूर्त देखना जरूरी नहीं है। बिना मुहूर्त देखे भी अच्छे कर्म करने पर लाभ प्राप्त होता है। यह बातें धानापुर क्षेत्र के बूढ़ेपुर गांव में चल रहे चतुर्मास यज्ञ के दौरान संत जीयर स्वामी ने कहीं। कहा कि कोई जरूरी नहीं है की भगवान को अंत में याद करेंगे। निर्वाण पुरूष को अपने मोह, संबंधियों व संसार से मुंह मोड़ कर परमात्मा के स्नेह की ओर अपने मन को लगा लेना चाहिए। कहा कि गलत लोगों के प्रभाव में आकर गलत मार्ग पर न चलें बल्कि स्वयं को ऐसा बनाएं कि आपके संग में रहकर गलत व्यक्ति सही मार्ग पर चलने लगे। यहीं जीतासन का मतलब है। दूसरी जीत स्वासन है। यदि कोई आपका अहित भी कर दे तो आप उसके अहित की कामना न करें। इस मौके पर भारी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।