पपीडीडीयू नगर। कृषि प्रधान जनपद चंदौली में पिछले छह महीने से जिला कृषि अधिकारी का ही पद खाली है। वहीं बार्डर का जिला होने के बावजूद परिवहन विभाग के दो एआरटीओ के पद भी रिक्त हैं। इन दोनों पदों पर पिछले छह महीने से प्रभारी अधिकारी कार्य कर रहे हैं। यहीं नहीं जिले की एकमात्र नगर पालिका परिषद, पीडीडीयू नगर और नगर पंचायत चकिया में भी ईओ के पद खाली हैं और एसडीएम प्रभार संभाल रहे हैं। दो जिले और विभाग में काम करने की वजह से अधिकारी अक्सर कार्यालय में नहीं मिलते, जिससे लोगों को निराश होकर लौटना पड़ता है। प्रदेश के आकांक्षात्मक जिले चंदौली की 80 फीसद से भी ज्यादा की आबादी सीधे तौर पर कृषि से जुड़ी है। धान और गेहूं के अलावा यहां के किसान सब्जियों और प्रगतिशील खेती में काफी आगे हैं। किसानों को समय-समय पर जरूरी सलाह, योजनाओं की जानकारी और लाभ के लिए कृषि अधिकारी की जरूरत होती है। लेकिन विडंबना यह है कि कृषि प्रधान जनपद में पिछले छह महीने से कृषि अधिकारी का पद खाली है। उनका प्रभार कृषि रक्षा अधिकारी संभाल रही हैं। कृषि प्रधान जिले के साथ चंदौली प्रदेश का सबसे आखिरी जिला भी है। बिहार से इसकी सीमा सटी हुई है। जिसकी वजह से शराब और पशु तस्करी के अलावा ओवरलोड वाहनों और अवैध वाहनों का धड़ल्ले से संचालन होता है। अन्य राज्यों से रोजाना बिना लाइसेंस और परमिट के सैकड़ों बसें, ट्रकें और अन्य वाहन पार होते हैं। ऐसे में जिले में परिवहन विभाग की भूमिका सबसे अहम है पर आलम यह है कि परिवहन विभाग में पिछले छह महीने से दो आरटीओ के पद खाली हैं। जिसका प्रभार भदोही और जौनपुर के आरटीओ के जिम्मे है। लोगों की शिकायत रहती है कि दो जगहों के कार्यभार के चलते अक्सर अधिकारी कार्यालय में नहीं रहते। चंदौली में एकमात्र नगर पालिका परिषद पीडीडीयू नगर में ईओ का पद भी पिछले छह महीने से खाली है। वहीं चकिया नगर पंचायत में भी ईओ नहीं है। दोनों जगहोें पर वरिष्ठ अधिकारियों को प्रभार दिया गया है। हालांकि पांच दिन पहले दोनों जगहों पर नए ईओ के आने की सूचना मिली है। लेकिन बुधवार तक दोनों जगहों पर किसी ने पदभार ग्रहण नहीं किया।