पीडीडीयू नगर। पं. दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन के ईस्ट रिसिविंग केबिन के समीप सोमवार की सुबह काम करते समय पीडब्ल्यूआई साउथ इंचार्ज सीनियर सेक्शन इंजीनियर एके दीक्षित (56) की यात्री ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। इस घटना से रेलकर्मियों में खलबली मच गई। सूचना पाकर मंडल स्तरीय अधिकारियों की टीम पहुंच गई। वहीं यूनियन नेता भी पहुंच गए। मूल रूप से इटावा के रहने वाले अरुण कुमार दीक्षित नगर के सेंट्रल कॉलोनी में एईएन ऑफिस के समीप रेलवे क्वार्टर में अपनी पत्नी के साथ रहते थे। सोमवार की सुबह वे ड्यूटी पर गए थे। वे पं. दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन के ईस्ट रिसिविंग केबिन (नसीरपुर पट्टन गांव के समीप) सुबह साढ़े 11 बजे काम कर रहे थे। इसी बीच अमृतसर से सियालदह जा रही जलियावाला बाग एक्सप्रेस आ गई। काम में मशगूल एसएसई एके दीक्षित ट्रेन देख नहीं पाए और चपेट में आ गए। इससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। यह देख साथ में काम कर रहे रेलकर्मियों में हड़कंप मच गया। ईस्ट सेंट्रल रेलवे कर्मचारी यूनियन शाखा तीन के संयुक्त सचिव सीबी राय ने इसकी सूचना सीनियर डीईएन को दी। एसएसई की मौत की सूचना पर अपर मंडल रेल प्रबंधक अतुल कुमार के साथ इंजीनियरिंग विभाग के सभी अधिकारी मौके पर पहुंच गए। यहां यूनियन नेताओं ने इस घटना को रेलवे की लापरवाही मानते हुए अधिकारियों से सभी पीडब्ल्यूआई पर लगे चार्ज शीट को वापस लेने की मांग की ताकि वे बिना किसी तनाव के काम कर सकें। इस पर अधिकारियों ने हामी भरी। इसके बाद सूचना पाकर अलीनगर पुलिस भी मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इस दौरान एसपी सिन्हा, रमेश सिंह, जय प्रकाश राय, एके भारती, रामकेश मीणा, संजय शर्मा रहे।
पीडीडीयू रेलवे के ईस्ट रिसिविंग के पास रेलकर्मी की मौत के बाद जुटी भीड़। संवाद- फोटो : CHANDAULI