कंदवा। केंद्र सरकार की पीएम किसान सम्मान निधि के लिए अब फार्मर रजिस्ट्री अनिवार्य कर दी गई है। 30 सितंबर तक हर हाल में किसानों को फार्मर रजिस्ट्री करानी होगी। प्रदेश के मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र के पत्र के बाद राजस्व और कृषि विभाग इसे अंतिम रूप देने में जुटा है। जिला कृषि उपनिदेशक ने बताया कि यह एक बुनियादी रजिस्ट्री होगी जिसमें किसानों का पूरा विवरण दर्ज होगा। किसान रजिस्ट्री, किसानों का डिजिटल डाटा बेस होगा। इसमें किसान की यूनिक आईडी बनाई जाएगी। इसके लिए खसरा खतौनी में दर्ज अभिलेख का उपयोग किया जाएगा। नई व्यवस्था के अनुसार यदि कोई किसान या उसका परिवार किसान रजिस्ट्री अभियान के तहत अपना नाम दर्ज नहीं कराता है तो उसे भविष्य में पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त सहित अन्य योजनाओं के लाभ नहीं मिलेगा। यही नहीं एक बार डाटा तैयार होने के बाद भविष्य में किसी भी सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए अलग से सत्यापन नहीं करवाना होगा।