चंदौली। जिला पंचायत की सामान्य बैठक में शनिवार को किसानों से जुड़ा मुद्दा सपा के जिला पंचायत सदस्य रमेश यादव ने पूरी मजबूती के साथ पटल पर रखा। उन्होंने अपने सेक्टर अंतर्गत आने वाले सुदाव, हलुआ व कोनिया पम्प कैनाल की दुर्दशा को बयां किया। इसके साथ ही लिखित भरोसा देने के बावजूद जिला पंचायत द्वारा पम्प कैनालों की दुर्दशा को दूर नहीं किए जाने का आरोप भी मढ़ा। कहा कि तीनों पम्प कैनाल को मरम्मत, रखरखाव की सख्त जरूरत है। यदि बरसात के मौसम से पहले ऐसा नहीं हुआ तो पम्प कैनालों का अस्तित्व कर्मनाशा नदी में डूबकर समाप्त हो जाएगा। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य रमेश यादव ने कहा कि हलुआ स्थित पम्प कैनाल 10 क्यूसेक क्षमता का है, जिससे आपूर्ति के लिए बिछाई गई लोहे की पाइप 100 मीटर के दायरे में सड़ व गल चुकी है। ऐसे में पम्प कैनाल का पानी नहरों व माइनरों में जाने की बजाय पुन: कर्मनाशा नदी में ही चला जाता है। इसके अलावा यहां विद्युत आपूर्ति के लिए ट्रांसफार्मर व केबिन की जरूरत है। पुराना केबिल पूरी तरह से जर्जर व क्षतिग्रस्त अवस्था में है। कोनिया पम्प कैनाल का संचालन का जिम्मा लघु डाल सिंचाई प्रखण्ड वाराणसी के पास है। यहां नहर की मरम्मत नहीं हुई। पम्प कैनाल का मोटर 1970 का लगा हुआ है जिसे मरम्मत व रखरखाव की जरूरत है। वहीं सुदाव स्थित पम्प कैनाल अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रहा है। यदि पम्प कैनाल को बारिश से पहले सुव्यवस्थित नहीं किया गया तो पूरा का पूरा पम्प कैनाल कर्मनाशा नदी में डूब जाएगा।