यिमताबाद के एकौनी में गाय की पूजा करते भारतीय किसान संघ के सदस्य। संवाद
- फोटो : CHANDAULI
नियामताबाद। भारतीय किसान संघ के सदस्यों ने मंगलवार को क्षेत्र एकौनी, नियामताबाद, लाखापुर, धूस खास, कठौडी गांवों में गोपाष्टमी मनाई। इस दौरान देशी गाय की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। साथ ही देशी गाय के संवर्धन पर जोर दिया।
किसान संघ के प्रांत महामंत्री अखिलेश ने कहा कि गोपाष्टमी का पौराणिक महत्व है। इसी दिन भगवान विष्णु ने पृथ्वी पर गाय की रचना की थी। इंद्र ने भी गोपाष्टमी को ही भगवान श्रीकृष्ण से अपनी हार मानी थी। कहा कि गोपाष्टमी के दिन ही इस दिन से ही श्रीकृष्ण ने गाय चरानी शुरू की थी। माता यशोदा प्रेमवश उन्हें गाय चराने नहीं भेजती थी। लेकिन श्रीकृष्ण की जिद के आगे उनकी नहीं चली। ऋषि शांडिल्य से मुहूर्त निकलवाकर श्रीकृष्ण को गाय चारण के लिए भेजा गया। गोहत्या के कारण गोवंश खतरे में है। भारत की देशी व गंगातीरी गायों की संख्या तेजी से घट रही है। इसके संवर्धन के लिए सभी को आगे आना होगा। वहीं जिला जैविक प्रमुख नागेंद्र सिंह ने कहा कि दुनिया के वैज्ञानिकों ने भी सिद्ध कर दिया है कि देशी गाय के दूध में पर्याप्त विटामिन पाए जाता है। गाय का दूध शक्ति वर्धक होता है। इसमें स्वर्ण, तांबा, कैल्शियम, आयोडीन आदि की भरपूर मात्रा पाई जाती है। अनावश्यक रेडियोधर्मी विकिरणों को भी गाय का दूध नष्ट करता है। इस मौके पर जिलाध्यक्ष संतोष मिश्रा, जिला मंत्री मनोज सिंह, तेजू यादव, राकेश सिंह आदि शामिल रहे।