पीडीडीयू नगर/नौगढ़। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी 35 करोड़ पौधरोपण अभियान योजना को इलाके के मनबढ़ अतिक्रमणकारियों ने बड़ा झटका दिया है। मझगांई रेंज के रेशम फार्म की 25 हेक्टेयर भूमि में लगाए गए अर्जुन के 19700 पौधों को मात्र 14 दिनों में ही उखाड़ फेंका गया। यही नहीं पौधरोपण की गई भूमि पर हल से जुताई कर दी गई। विभागीय उदासीनता की स्थिति यह है कि अभी तक संबंधित विभाग द्वारा इस मामले में अराजक तत्वों के खिलाफ न तो प्रशासन को रिपोर्ट की गई और न ही प्राथमिकी दर्ज कराई गई।
प्रदेश के मुख्यमंत्री के आह्वान पर चंदौली के प्रभारी मंत्री और प्रदेश के खेल व युवा कल्याण राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार गिरीशचंद्र यादव ने पांच जुलाई को नौगढ़ के देवरी कला में पौधरोपण कर वन महोत्सव की शुरुआत की थी। अभियान के तहत इसी दिन रेशम विभाग ने भी आरक्षित वन क्षेत्र मझगांई रेंज के अंतर्गत रेशम फार्म जयमोहनी सोनवार नई व पुरानी के 25 हेक्टेयर भूमि में अर्जुन के 19700 पौधे लगवाए। पौधरोपण के कुछ दिनों बाद ही अराजकतत्वों ने सभी पौधों को उखाड़कर फेंक दिया। विडंबना यह कि अतिक्रमणकारी पौधे उखाड़ते रहे और सुरक्षा प्रहरी तमाशबीन बने हुए थे। पौधे उखाड़े जाने के बाद भी रेशम विभाग के अधिकारियों ने अभी तक जिला प्रशासन को रिपोर्ट नहीं किया है और न ही थाने में मुकदमा दर्ज कराया है।
रेशम विभाग के अपर निदेशक नागेंद्र राम ने बताया कि मामला संज्ञान में है। अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने के लिए रेशम अधिकारी चंदौली को कहा गया है। रेशम अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि वन महोत्सव पखवाड़ा में 25 हेक्टेयर में 19700 अर्जुन के पौधे लगाए गए थे, जिन्हें मनबढ़ अतिक्रमणकारियों ने नष्ट कर दिया है। इन पर कार्रवाई की जाएगी।