कंदवा। क्षेत्र के अरंगी गांव में मंगलवार को सुबह तेंदुए ने एक युवक पर हमला कर दिया। तेंदुए के दांत और पंजे से कई जगह उसके शरीर पर घाव हो गए। ग्रामीणों के शोर मचाने पर तेंदुआ नदी किनारे झाड़ियों के पीछे भाग गया। वहीं घायल युवक को ग्रामीणों ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इस घटना से गांव में दहशत का माहौल है। वहीं, वन विभाग लापरवाह बना हुआ है। अरंगी गांव में पिछले चार दिनों से तेंदुए की चहलकदमी से ग्रामीण दहशत में जी रहे है। ग्रामीणाें की सूचना के बाद भी वन विभाग की टीम नहीं पहुंची। मंगलवार की सुबह एक वनकर्मी पहुंचा तो उसने ग्रामीणों से कहा कि तेंदुआ झाड़ी में छुपा है। उसके कहने पर ग्रामीणों ने झाड़ी में आग लगा दी। इसके बाद ग्रामीण घर लौटने लगे तो तेंदुआ के गुर्राने की आवाज सुनाई दी। इसी बीच उसने रजत सिंह (29) पर पीछे से हमला कर दिया। तेंदुए के दांत और पंजों से रजत के शरीर पर कई जगह घाव हो गए। इस दौरान युवक ने तेंदुए पर लाठी से वार किया तो वह नदी की ओर झाड़ियों के घुस गया। इसके बाद ग्रामीणों ने घायल रजत को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। प्रधान प्रतिनिधि अजीत सिंह ने घटना की सूचना वन विभाग के रेंजर मुन्ना लाल को दी। इसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। कुछ देर बाद प्रभारी निरीक्षक सलिल स्वरूप आदर्श भी पहुंच गए। ग्रामीणों का कहना था कि पिछले चार दिनों से गांव के आसपास तेंदुआ घूम रहा है। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई थी लेकिन तेंदुए को पकड़ने के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए। लापरवाही की वजह से ही तेंदुए ने युवक पर हमला कर दिया। वहीं, वन विभाग के रेंजर मुन्ना लाल ने बताया कि अरंगी में तेंदुए के हमले की सूचना मिलने पर टीम भेजी गई है। उसे पकड़ने की रणनीति बनाई जा रही है। जब तक तेंदुआ पकड़ा नहीं जाता, तब तक ग्रामीणों को सतर्क रहना होगा।