चंदौली। जिला न्यायालय निर्माण और मुख्यालय के विकास के मुद्दे पर संघर्ष समिति के अध्यक्ष झन्मेजय सिंह के नेतृत्व में न्याय पदयात्रा दिल्ली के लिए रवाना हुई। समिति सीएम और पीएम के सामने जिले के विकास का मुद्दा रखेंगे। इसके पहले व्यापारी, अधिवक्ता न्याय पदयात्रा के साथ चंदौली कलेक्ट्रेट तक पहुंचे। यहां बार काउंसिल आफ उत्तर प्रदेश के पूर्व अध्यक्ष और वर्तमान सदस्य हरिशंकर सिंह समेत सिविल बार अध्यक्ष चंद्रभानु सिंह ने हरी झंडी दिखाकर यात्रा को रवाना किया। जगह-जगह ग्रामीणों, ग्राम प्रधानों व स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने माल्यार्पण कर पदयात्रा का स्वागत एवं सम्मान किया।
बार काउंसिल के पूर्व अध्यक्ष हरिशंकर सिंह ने कहा कि चंदौली की लड़ाई के लिए झन्मेजय सिंह ने जो लड़ाई शुरू की है। बार कांउसिल ऑफ उत्तर प्रदेश अंजाम तक पहुंचाने का काम करेगी। यह न्याय यात्रा जिन जिलों से होकर गुजरेगी। वहां बार काउंसिल अपना समर्थन देकर उन्हें मजबूती प्रदान करेगी। वहीं सिविल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष चंद्रभानु सिंह ने कहा कि सांसद, विधायक के आश्वासन पर एक महीने का समय समाप्त हो चुका है। अब तक उनकी तरफ से कोई सार्थक पहल नहीं कि गई। ऐसे में अब आर-पार की लड़ाई होगी। जब तक यात्रा वापस नहीं लौटेगी, अधिवक्ता राजस्व व प्रशासनिक कार्य से विरत रहेंगे। इस मौके पर कार्यकारिणी अध्यक्ष धनंजय, संजय कुशवाहा, सत्येंद्र बिंद, जिला पंचायत सदस्य अंजनी सिंह, जयप्रकाश सिंह, अनिल सिंह, राज बहादुर सिंह, शहाबुद्दीन, प्रतिमा दुबे, वीरेंद्र प्रताप दाढ़ी, इमरान सिद्दीकी, नवीन सिंह बबलू, योगेश सिंह लड्डू आदि उपस्थित रहे।
इनसेट-
न्याय यात्रा का जगह-जगह हुआ स्वागत
चंदौली। मुख्यालय के अधिवक्ताओं की ओर से निकली गई न्याय यात्रा का जगह-जगह लोगों ने जोरदार स्वागत किया। जगदीश सराय गांव के समीप नगर पंचायत अध्यक्ष सुनील यादव गुड्डू और पूर्व प्रधान नीलू, दिलीप पासवान के अलावा बनौली के प्रधान आशुतोष यादव, अंकित सिंह, प्रमोद कुमार पासवान, ओमप्रकाश, निरंजन मौर्य, जितेंद्र कुमार, गौतम कुमार, रामाश्रय कुमार, कृष्ण सोनकर, सुभाष कुमार आदि ग्राम प्रधान शामिल रहे। वहीं पदयात्रा कर रहे अधिवक्ताओं का पीडीडीूय नगर के चकिया तिराहे पर सपा नेताओं ने स्वागत किया। इस मौके पर किसान नेता केदार यादव, अमित यादव बबलू , राजेंद्र पाल ,अनिल पटेल, कैलाश यादव ,रवि शंकर यादव ,कोमल सोनकर, रामाशीष यादव आदि उपस्थित रहे।