मझौवां। चक्की नौरंगा बाजार के पूरब तरफ बची सड़क भी गंगा में कटकर बह गई। एक सेमी प्रतिघंटा जलस्तर कम हो रहा लेकिन कटान तेज हो गई है। 100 मीटर जमीन भी गंगा में समा गई। 11 सितंबर को यूपी और बिहार को जोड़ने वाला मुख्य संपर्क मार्ग गंगा में कटकर बह गया था। उसके बाद से दोनों राज्यों में आवागमन ठप हो गया है। चक्की नौरंगा में अब तक कुल 129 मकान गंगा में समाहित हो गए हैं। पीड़ित लोग तटबंधे पर शरण लिए हुए हैं। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार गायघाट गेज पर बृहस्पतिवार की शाम 4 बजे गंगा नदी का जलस्तर 58.190 मीटर दर्ज किया गया। इसके अलावा एक सेमी प्रति घंटे जलस्तर में कमी दर्ज की जा रही है। गंगा खतरे के निशान से 57.615 मीटर से 575 सेमी ऊपर बह रही है।