जिस स्कूल में पिता ने पढ़ाई की थी उसी धानापुर विकासखंड के पूर्वी महाइच परगना के सिसौड़ा स्थित कम्पोजिट विद्यालय को पुत्र ने स्मार्ट स्कूल बना दिया। पुत्र ने स्कूल में र्स्माट क्लास, स्मार्ट टीवी के साथ टेबल, बेंच, पंखे, कैंपस में रंगीन इंटरलाकिंग की ईंटें व विद्यालय की पेंटिंग करा कायाकल्प कर दिया।
गांव के यमुना सिंह की प्राथमिक शिक्षा कम्पोजिट विद्यालय में हुई थी। आगे की पढ़ाई कर वे कोलकाता में नौकरी करने लगे। उनके पुत्र भी उनके साथ ही रहने लगे। उनके पुत्रों में पेशे से साफ्टवेयर इंजीनियर व बंगलरु में रहने वाले पुत्र अनिल कुमार सिंह ने यह कार्य किया है। अनिल ने कहा कि माता-पिता की वजह से ही जीवन मिला है। इसलिए उन्होंने पिता की याद में स्कूल का कायाकल्प करने का संकल्प लिया है। बताया कि स्कूल के लिए दिल्ली से उच्च क्वालिटी के 156 टेबल व बेंच मंगवाए गए हैं। स्मार्ट क्लास के लिए आई ड्रीम कंपनी का सहयोग लिया जा रहा है। कहा कि देखा जाता है कि सरकारी विद्यालयों में अध्यापकों की कमी रहती है। ऐसी स्थिति में बच्चे स्मार्ट क्लासों में स्वयं पढ़ लेंगे। बिजली की वायरिंग के लिए बाहर के मिस्त्रियों से काम कराया जा रहा है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक विरेंद्र राम सहित शिक्षक संघ के नेता आनंद सिंह, प्रदीप सिंह, राजेंद्र यादव, रणजीत यादव, सत्येंद्र सिंह उनके इस कार्य से काफी खुश हैं।