कंदवा। क्षेत्र के नूरी गांव में रविवार की शाम आठ बजे अज्ञात कारणों से लगी आग से चिंरौजी राम की तीन रिहायशी झोपड़ियां जलकर राख हो गई। जिसमें बेटी के शादी के लिए रखा आभूषण सहित सभी सामान जलकर राख हो गया और सभी खुले आसमान के नीचे आने के साथ ही दाने दाने को मोहताज हो गए हैं। पीड़ित परिवार के लोगों के पास वही वस्त्र बचें हैं जो उनके तन पर हैं।
क्षेत्र के नूरी गांव की दलित बस्ती में रविवार की शाम करीब आठ बजे चिंरौजी राम की रिहायशी झोपड़ी में अज्ञात कारणों से अचानक आग लग गई। घटना के समय घर के सभी लोग खाना खाकर पड़ोसी के घर गए हुए थे। जब तक लोगों को आग लगने की जानकारी हुई और वें आग बुझाने का इंतजाम करते तेज हवाओं के कारण आग ने विकराल रुप धारण कर लिया और तीन रिहायशी झोपड़ियां राख में तब्दील हो गई। घटना जानकारी पर मौके पर पहुंचे प्रधान प्रतिनिधि मनीष सिंह ने घटना की जानकारी धीना थाना और तहसीलदार सदर तथा क्षेत्रीय लेखपाल को भी दिया। अगलगी की इस घटना में चिंरौजी राम की झोपड़ी में बेटी की शादी में देने के लिए रखी नई सायकल, सिलाई मशीन, बक्सा, अटैची में रखे कपड़े साड़ी, 12 बोरी चावल सहित घर गृहस्थी का सारा सामान जलकर राख हो गया।
पीड़ित परिवार घटना के बाद जहां खुले आसमान के नीचे आ गया है वहीं दाने दाने को मोहताज हो गया हैं। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि मनीष सिंह और समाजसेवी डा. मनोज सिंह चंदेल ने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार को अहेतुक सहायता राशि दिए जाने की मांग की हैं।