नौगढ़। जयमोहनी रेंज के वनकर्मी की लापता होने के पांच दिन बाद भी कोई सुराग नहीं लग पाया। वन विभाग और सीओ नक्सल की टीम ने रात में सर्च आपरेशन भी किया लेकिन कोई पता नहीं चल सका है। पुलिस ने वनवासियों से भी पूछताछ की और उनके बयान दर्ज किए। मंगलवार को वनकर्मी की नौगढ़ के जंगल में बाइक और कपड़े मिले थे।
वनरक्षक दूधनाथ के लापता होने की सूचना का संज्ञान बुधवार को प्रदेश के मुख्य वन संरक्षक एसके अवस्थी ने लिया। उन्होंने प्रभागीय वनाधिकारी रामनगर मनोज खरे को पूरे प्रभाग के वन क्षेत्रों की सघन कांबिंग के निर्देश दिए हैं। बुधवार को दोपहर बाद वन क्षेत्राधिकारी चंदौली आर के दीक्षित, वन क्षेत्राधिकारी चंद्र प्रभा बृजेश पांडेय, वन क्षेत्राधिकारी चकिया ताराशंकर यादव, वन क्षेत्राधिकारी नौगढ़ जानकी शरण श्रीवास्तव, वन क्षेत्राधिकारी जय मोहनी कुंज मोहन वर्मा अधीनस्थों के साथ जंगलों के अंदर तक गए और खोजबीन की लेकिन कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
इधर वनकर्मी के कॉल डिटेल के आधार पर सीओ नक्सल नीरज सिंह और इंस्पेक्टर नौगढ़ तेज बहादुर सिंह ने भी जंगलों के किनारे बसे बस्तियों में छापेमारी की। पूछताछ करके बयान भी दर्ज किया। लोगों ने बताया पौधा लगाने के समय प्लांटेशन में गए थे उसके बाद से मुलाकात नहीं है। परिजनों का कहना है 1.75 लाख रुपए लेकर निकले थे। इसके बाद से गायब हैं। पुलिस इस बिंदु पर भी गहनता पूर्वक छानबीन कर रही है।