पीडीडीयू नगर। विभागीय लापरवाही की वजह से मौत होने पर अब आश्रितों को एक माह के अंदर मुआवजा मिल जाएगा। पावर कारपोरेशन ने 45 दिन में मुआवजा देने की प्रक्रिया में बदलाव किया है। नए नियम को तत्काल प्रभाव से लागू करने के निर्देश दिए हैं। बाहरी व्यक्ति अथवा मवेशी की मौत के मामले में आर्थिक मदद दी जाएगी। बदलाव से लोगों को राहत मिलेगी। बिजली विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों की लापरवाही की वजह से आमजन अथवा पशुओं की मौत पर मुआवजा दिया जाता है। हालांकि पहले इसकी प्रक्रिया 45 दिन में पूरी होती थी और आश्रितों को लंबा इंतजार करना पड़ता था। पावर कारपोरेशन ने 30 दिन में मुआवजा देने का नियम लागू किया है। नई व्यवस्था के तहत व्यक्ति की मौत का न्यूनतम मुआवजा पांच लाख रुपये से अधिक होगा।