चौरी बाज़ार में लहंगा की खरीदारी करते लोग। संवाद
ज्ञानपुर। सहालग का सीजन शुरू होते ही जिले के बाजारों में रौनक लौट आई है। खासकर दुल्हन बनने जा रहीं युवतियां शादी को यादगार बनाने के लिए नए डिजाइन और नए ट्रेंड के लहंगे पसंद कर रही हैं। बाजार में सूरत, जयपुर, जोधपुरी लहंगा की बिक्री सबसे ज्यादा है। रजवाड़ी और बेलवेट लहंगे दुल्हनों की पहली पसंद बने हैं। लहंगे 1000 से लेकर 20 हजार रुपये तक की रेंज में बाजार में उपलब्ध हैं। इन दिनों गोपीगंज, ज्ञानपुर, भदोही, चौरी, औराई, सुरियावां, जंगीगंज, महराजगंज आदि बाजारों में कपड़ों की दुकानों पर ग्राहकों की खूब भीड़ हो रही है। शादी को यादगार बनाने के लिए दूल्हा, दुल्हन परिवार के साथ अपनी खरीदारी में जुटे हैं। सबसे ज्यादा भीड़ गोपीगंज के बाजारों में देखी जा रही है। चौरी बाजार के लहंगा-शेरवानी ब्रिकेता कन्हैया जायसवाल, बरकत अली, सोनू जायसवाल ने बताया कि दुल्हन के अलावा परिवार की अन्य महिलाएं भी लहंगा खरीद रही हैं। अंतर यह है कि दुल्हन का लहंगा महंगा होता है और अन्य का कम दाम का होता है। गोपीगंज सदर मोहाल के दुकानदार अमित अग्रवाल ने बताया कि हमारे यहां पांच हजार से लेकर 30 हजार तक के लहंगे बिक रहे हैं लेकिन 7000 से 15 हजार रुपये तक के सूरत, जयपुर में बने लहंगों की मांग ज्यादा है। ग्राहक लहंगे की बुकिंग करने में ज्यादा रुचि रखते हैं। किराए के लहंगे से दुल्हन काम चला लेती हैं। 22 से 30 नवंबर तक लहंगे की बुकिंग हो चुकी है।