मस्जिद के पास नीम का पेड़ गिर पड़ा।
शुक्रवार की दोपहर 12 बजे के करीब आधे घंटे तक तेज धूल भरी आंधी चली। जिससे पूरे जिले में एक दर्जन स्थानों पर पेड़ गिर गए । दीवार गिरने से शिकारगंज क्षेत्र के बलिया कलां गांव में गुलाबी देवी (62) की दबकर मौत हो गई, जबकि जगह जगह पर मड़इयों के गिरने से आधा दर्जन लोग जख्मी हो गए। दोपहर में बारह बजे सौ किमी की रफ्तार से आंधी चली। इससे जहां तहां बिजली के पोल टूट गए और नगर में जगह जगह बंधे होर्डिंग गिर गए। कंदवा क्षेत्र के महुजी गांव में आधी में राम अधीन की दो झोपड़ियां गिर ंगई। इस घटना में रामअधीन (60), उसकी पत्नी दुर्गावती (55), पुत्र संजय (28) और पौत्री सविता (12) जख्मी हो गए। इसी तरह मड़हा गिरने से तीन भैंस और एक गाय भी जख्मी हो गई। इसी गांव के ही जैनुल अंसारी की झोपड़ी गिरने से खाद्य पदार्थ नुकसान हो गया। ओम प्रकाश सिंह की झोपड़ी पर ईंट की दीवार गिर गई। इसी तरह बिकाऊ राम की झोपडी़ गिरने से भैस जख्मी हुई। रामधारी साव की झोपड़ी पर शीशम की डाल गिरी, लेकिन उसने किसी तरह बाहर भाग कर जान बचायी। बरहनी चौराहे पर नारद और अजय की चाय पान की झोपड़ी नुमा दूकान गिर गई। बबुरी कस्बे के धनेजा के समीप 33000 वोल्ट का बिजली टूट कर गिर गया। इससे पूरे इलाके की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। चकिया में लालपुर गांव में नीम का पेड़ गिरने से गोविंद विश्वकर्मा (80) जख्मी हो गए। इस दौरान सड़क पर जाम की स्थिति हो गई। रात आठ बजे फिर एक बार तेज हवा चलने से जगह जगह पेड़ गिर गए और तार टूट कर गिरने से आपूर्ति ठप हो गई।