कंदवा। स्कूल स्टाफ को ढ़ोने का परमिट लेकर स्कूली बच्चों को ढ़ोने वाले वाहनों पर परिवहन विभाग की नजरें जल्द ही टेढ़ी होने वाली हैं। नियमों की अनदेखी करने वाले वाहनों के खिलाफ जल्द ही अभियान चला कर कार्रवाई की जाएगी। संभागीय निरीक्षक परिवहन अशोक यादव ने बताया कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए स्कूलों में संचालित वाहनों के लिए मानक निर्धारित किए गए हैं। ज्यादातर निजी विद्यालयों में बच्चों को ढ़ोने के लिए वाहनों का प्रयोग किया जाता है। नियमों के अनुसार विद्यालय प्रबंधन द्वारा ऐसी बसों मे सीसी टीवी कैमरा लगवाना जरुरी है। वहीं हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगे बसों की हर सीटों पर सुरक्षा की दृष्टिकोण से सीट बेल्ट भी लगी होनी चाहिए। वाहनों में स्कूली बच्चों को बैग रखने के लिए सीट के नीचे पर्याप्त जगह होनी चाहिए। साथ ही आपात कालीन गेट और खिड़की भी होनी चाहिए। वाहन में अग्निशमन यंत्र भी रखना नितांत आवश्यक है ताकि शार्ट सर्किट सहित अन्य परिस्थितियों में अगलगी पर नियंत्रण किया जा सके। बताया कि चरित्र प्रमाण पत्र के सत्यापन के अलावा वाहन चालक के पास ड्राइविंग लाइसेंस होना अनिवार्य है। कहा कि आवागमन के दौरान ट्रैफिक नियमों का हर हाल में पालन किया जाना चाहिए। नशे की हालत में वाहन चलाते हुए पकड़े जाने पर जुर्माना और चालक को जेल भी हो सकती है।