पीडीडीयू नगर। जिले में पिछले 15 वर्षों से ओड़वार, मनोहरपुर, चंदौली और गोधना के कांशीराम आवासीय कॉलोनियों में रहने वाले पांच हजार लोग पेयजल और जलभराव की समस्या से जूझ रहे हैं। सबसे खराब स्थिति ओड़वार की है। यहां पहले किसानों के नाली बंद कर देने से परिसर में गंदा पानी बजबजा रहा है। वहीं, स्वच्छ पेयजल के लिए भी यहां के वाशिंदे जूझ रहे हैं। बसपा सरकार में जिले में कांशीराम आवासीय योजना के तहत 1644 आवास बनाए गए थे। 1500 आवासों में पांच हजार लोग रहते हैं जबकि 144 खाली हैं। नगर से सटे ओड़वार में 199 आवास बने हैं, जिनमें एक हजार से अधिक लोग रहते हैं। समय के साथ यहां की व्यवस्थाएं ध्वस्त होती गईं लेकिन सरकारों ने ध्यान नहीं दिया। यहां स्वच्छ पेयजल और जलभराव की समस्या सबसे गंभीर है। यहां नौ हैंडपंप लगे हैं, जिनमें छह खराब हैं। वहीं, पानी की टंकी की मोटर जल जाती है तो जल्दी मरम्मत नहीं कराई जाती। वहीं, साफ-सफाई नहीं होने से परिसर में गंदगी का अंबार लगा है। यहां रहने वालों का कहना है कि बरसात के मौसम में जलभराव और गंदगी की वजह से यहां रहना दुश्वार हो जाता है।