कदवा। क्षेत्र के दो अलग अलग गांवों में कुत्तों के हमले से जहां गर्भवती हिरनी घायल हो गई वहीं हिरन की मौत हो गयी। बरहनी विकास खंड के चिरईगांव गांव के समीप मंगलवार की देर शाम गर्भवती हिरनी पर कुत्तों ने हमला बोल दिया। हिरनी की आवाज सुनकर लाठी-डंडा लेकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने कुत्तों को भगाया। तब तक कुत्तों ने हिरनी को काट कर गंभीर रूप से जख्मी कर दिया था। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी वन विभाग को दिया। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने गंभीर रूप से घायल हिरनी को इलाज के लिए सैयदराजा पशु अस्पताल में भर्ती कराया। वहीं दूसरी ओर मंगलवार की देर शाम अदसड़ गांव में भी कुत्तों ने हिरन पर हमला बोल दिया। हमले में हिरन की मौत हो गई। गौरतलब है कि इस समय कर्मनाशा नदी के तटवर्ती इलाकों में खेतों में लबालब पानी भर जाने के कारण क्षेत्र में अठखेलियां करने वाले हिरनों का पलायन तेजी से गांवों की ओर हो रहा है। इसी का फायदा उठाकर कुत्ते इन हिरनों पर हमला कर उन्हें अपना निवाला बना रहे हैं ।आये दिन हिरन व हिरनी पर कुत्तों का झुंड हमला बोल दे रहा है। इससे बीते 15 दिनों के अंदर लगभग एक दर्जन हिरनों को कुत्ते अपना शिकार बना चुके हैं। मुड्डा गांव के प्रधान रविशंकर सिंह , अरंगी के अजीत सिंह , चिरईगांव के अभिषेक पांडेय, लक्ष्मणपुर के संजय सिंह, चारी के इंद्रपाल खरवार आदि ने जिला प्रशासन से हिरनों के संरक्षण की मांग की है।