पीडीडीयू नगर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक में मुगलसराय तहसील का नाम बदल कर पंडित दीनदयाल उपाध्याय कर दिया गया है। नगर पालिका, रेलवे स्टेशन के बाद तहसील का नाम बदले जाने से लोगों को आसानी होगी और भ्रम की स्थिति दूर होगी लेकिन अभी कोतवाली, डाकघर और डीआरएम कार्यालय और विधानसभा क्षेत्र मुगलसराय के नाम पर चल रहे हैं। गौरतलब है कि पांच अगस्त को रेलवे के बाकले मैदान में भाजपा की ओर से आयोजित शिलान्यास और लोकार्पण कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह, सीएम योगी आदित्यनाथ, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं सांसद डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय, रेल मंत्री पीयूष गोयल शामिल थे। तब इन्होंने मंच से घोषणा की थी कि जल्द ही सभी जगहों से पुराने नाम बदल दिए जाएंगे लेकिन अब तक कई दफ्तर पुराने नाम पर ही चल रहे हैं। अमर उजाला ने सात अगस्त के अंक में ‘तहसील पर अब भी है मुगलसराय की छाप’ से प्रकाशित किया था। इसके बाद सांसद डॉ. महेंद्र पांडेय और विधायक साधना सिंह ने आश्वस्त किया था कि इसे विधानसभा में रखा जाएगा और जल्द ही तहसील का नाम बदलेगा। इसके बाद कवायद तेज हुई और जिला प्रशासन ने नाम बदलने का प्रस्ताव बनाकर राजस्व परिषद को भेज दिया। नए वर्ष में राजस्व परिषद ने इस प्रस्ताव को मंजूरी देकर शासन को भेज दिया था, जिसके आधार पर शुक्रवार को कैबिनेट ने तहसील का नाम बदल दिया। इसके पांच महीने बाद तहसील का नाम तो बदल गया लेकिन अभी डाकघर, कोतवाली के साथ रेल मंडल और विधानसभा क्षेत्र का नाम मुगलसराय ही है।