चंदौली। गायत्री पीठ शांतिकुंज हरिद्वार की ओर से गुरुवार को जिला अस्पताल परिसर स्थित सीएमओ कार्यालय सभागार में गोष्ठी का आयोजन हुआ। इसमें योग चिकित्सा के जरिए मरीजों के इलाज पर बल दिया गया। वहीं प्रोजेक्टर के माध्यम से आओ गढ़ें संस्कार विषय के बारे में जानकारी प्रदान की गई। साथ ही एएनएम व आशाओं को गांवों में भेजकर लोगों को योग चिकित्सा के बारे में जागरूक करने रणनीति बनाई गई।इस दौरान प्रशिक्षिका प्रज्ञा सक्सेना ने कहा कि योग को चिकित्सा शास्त्र से जोड़कर गंभीर बीमारियों का आसानी से इलाज किया जा सकता है। स्वास्थ्यकर्मी गांवों में जाकर लोगों को योगाभ्यास की विधियों व इससे लाभ के बारे में जानकारी दें। योग की विधा से शारीरिक व मानसिक बीमारियों का आसानी से निदान किया जा सकता है। इसलिए योग को बढ़ावा देने की जरूरत है। कहा आयर्वेद व योग में संस्कारों का बहुत महत्व है। समाज में कुल पांच प्रकार के संस्कारों को मान्यता प्रदान की गई है। इसमें कर्मों का संस्कार, वंशानुगत, गर्भावस्था में माता-पिता की ओर से मिले संस्कार, आसपास के वातावरण से प्राप्त संस्कार और आत्मा के गुण शामिल हैं। आत्मा में प्रेम, दया, ममता, करूणा, उदारता आदि के भाव समाहित होते हैं। इस दौरान सीएमओ डा. पीके मिश्रा, डा. नीलम, डा. वीपी सिंह, डा.वीबी सिंह, जितेंद्र पासवान, सत्यनारायण सिंह, हरहिर वश्विकर्मा, रामजनम सिंह आदि उपस्थित थे।