नहीं हो रहा 72 घंटे में भुगतान, किसानों का 9.68 करोड़ बकाया
बुलंदशहर। जनपद में गेहूं की सरकारी खरीद एक अप्रैल से शुरू हो गई है, लेकिन 19 दिन बीत जाने के बाद भी गेहूं का 72 घंटे के भीतर भुगतान का दावा हवा-हवाई साबित हो रहा है। किसानों का अभी भी गेहूं खरीद एजेंसियों पर 9.68 करोड़ रुपये बकाया चल रहा है। यह राशि किसानों को नहीं मिलने पर उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। समय पर भुगतान न मिलने के कारण किसानों में खासा रोष भी है।
जनपद के क्रय केंद्रों पर गेहूं तीन अप्रैल से पहुंचना शुरू हुआ था। गेहूं खरीद के लिए 112 क्रय केंद्र खोले गए हैं। इन क्रय केंद्रों पर खाद्य विभाग, पीसीएफ, मंडी परिषद और भारतीय खाद्य निगम द्वारा गेहूं की खरीद की जा रही है। गेहूं की दैनिक खरीद 1630 मीट्रिक टन है। अभी तक 14013 मीट्रिक टन से अधिक गेहूं की खरीद की जा चुकी है। यह गेहूं 3629 किसानों से ही खरीदा गया है। खरीदे गए गेहूं की कीमत 27.67 करोड़ रुपये से अधिक है, जबकि इसमें से 17.99 करोड़ की राशि का भुगतान कर दिया गया है। अभी भी किसानों को 9.68 करोड़ राशि शेष मिलने का बेसब्री से इंतजार है। वहीं, विभागीय अफसरों का दावा है कि किसानों की शेष चल रही बकाया राशि का भी जल्द भुगतान करने के लिए गेहूं खरीद करने वाली एजेंसियों को आदेश जारी कर दिए हैं। शासन का आदेश है कि गेहूं खरीद के 72 घंटे के भीतर भुगतान हो जाना चाहिए। इस आदेश का सभी गेहूं खरीद एजेंसियों को पालन करना होगा।
अभी 17 क्रय केंद्रों पर किसान नहीं लेकर पहुंचे गेहूं
जनपद में गेहूं खरीद शुरू हुए सोमवार को 19 दिन हो गए। रविवार को लॉकडाउन के चलते गेहूं की खरीद नहीं हो सकी। लेकिन अभी भी 17 क्रय केंद्र ऐसे हैं, जिन पर अभी तक किसान गेहूं लेकर नहीं पहुंचे हैं। विभागीय अफसरों का कहना है कि गेहूं की क्रय केंद्रों पर आवक बढ़ती जा रही है। जिन क्रय केंद्रों पर अभी तक गेहूं नहीं पहुंचा है। वहां पर भी किसान जल्द ही गेहूं लेकर पहुंचना शुरू हो जाएंगे।
बोले किसान
क्रय केंद्र पर इसलिए गेहूं बेचा था कि एक तो मंडी की अपेक्षा सरकार की ओर से निर्धारित दाम मिलेगा। भुगतान भी 72 घंटे में हो जाएगा, लेकिन छह दिन बीत जाने के बाद भी राशि नहीं मिली है। राशि न मिलने के कारण कई पारिवारिक काम भी नहीं हो रहे हैं।
- किसान गंगा सैनी।
गन्ना हो या फिर गेहूं किसान को कभी समय पर भुगतान नहीं मिलता है। सरकारी दावे हवा-हवाई साबित हो रहे हैं। पिछले आठ दिन से भुगतान की आस लगा रहा हूं। भुगतान मिले तो आगामी फसल की तैयारी कर सकूं।
- किसान कृष्ण कुमार।
क्रय केंद्र पर एक सप्ताह पहले गेहूं बेचा था। इस समय परिवार चलाने और आगामी फसल की तैयारी के लिए पैसे की जरूरत है। लेकिन समय पर भुगतान नहीं मिलने के कारण यह समझ में नहीं आ रहा कि क्या किया जाए।
- किसान चौ. अनंगपाल सिंह।
किसान की किसी को चिंता नहीं है। शासन और प्रशासन की ओर से किए जाने वाले दावे के बावजूद भी समय पर गेहूं का भुगतान नहीं मिला है। भुगतान आने के इंतजार में बैंक के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। अफसरों का कहना है कि जल्द भुगतान होगा।
- किसान गिरीश शर्मा।
जनपद में गेहूं खरीद का भुगतान शुरू हो गया है। सभी गेहूं खरीद एजेंसियों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वह गेहूं खरीद के 72 घंटे के भीतर किसान का भुगतान करें। अभी जो राशि शेष चल रही है। उसका भुगतान भी जल्द हो जाएगा।
- जेया-ए-करीम, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी