अनूपशहर में कम हुआ गंगा का जलस्तर। संवाद
अनूपशहर/अहार/नरौरा। पिछले काफी दिनों से उफान के बाद अब गंगा के जलस्तर में गिरावट आने लगी है। इसके बाद भी खेतों में पानी भरा होना होने की वजह से खादर के किसान चिंतित हैं। पहले ही हजारों बीघा जमीन का गंगा की धारा कटान कर चुकी है। खेतों में अभी पानी भरा हुआ है। इसके चलते किसानों का काम प्रभावित हो रहा है।
गंगा बैराज के जल लेखा सहायक देवेश कुमार ने बताया कि बैराज से नदी की डाउन स्ट्रीम में 130000 क्यूसेक पानी किया जा रहा है। साथ ही एलजीसी नहर में 7039 व पीएलजीसी नहर में 6433 क्यूसेक पानी की निकासी की जा रही है। बताया कि गंगा के जलस्तर में उतार-चढ़ाव को देखते हुए लगातार निगाह रखी जा रही है। इसकी रिपोर्ट भी जिला प्रशासन को उपलब्ध कराई जा रही है।
वहीं, अहार व अनूपशहर समेत सभी गंगा घाटों से पानी उतरने लगा है। ऐसा होने पर आसपास के लोग राहत की उम्मीद जता रहे हैं।
वहीं किसानों का कहना है कि लगातार पानी भरा रहने से फसलें लगातार खराब हो रही है। एसडीएम अनूपशहर प्रियंका गोयल के अनुसार जलस्तर में गिरावट आ रही है। फिर भी प्रशासन सतर्क है और निगरानी की जा रही है।
अनूपशहर क्षेत्र के गांव बच्चीखेड़ा के किसान ओमप्रकाश ने बताया कि खादर क्षेत्र के खेतों में अभी भी पानी रुका हुआ है। इससे ईख की फसल बर्बाद हो गई है।
खेतों का काम भी प्रभावित हो रहा है। किसान मोरध्वज लोधी ने बताया कि गांव तोरई खादर के खेतों में अभी पानी है। ईख, धान, मक्का, तोरई, लौकी, करेला की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है।