गांव की सरकार बनाने के पहले चरण में शनिवार को चार ब्लॉकों में करीब साढ़े तीन लाख वोटर 164 प्रधान और 433 सदस्यों का चुनाव करेंगे।
सुबह 7 से शाम 6 बजे तक 637 बूथों पर होने वाले मतदान के लिए पोलिंग पार्टियां शुक्रवार को रवाना हो गईं। देर शाम तक उन्होंने पोलिंग बूथों पर व्यवस्था संभाल ली। साथ ही फोर्स भी मुस्तैद हो गई।
शनिवार को प्रथम चरण में अगौता, स्याना, बीबीनगर और ऊचागांव में प्रधान और ग्राम पंचायत सदस्य पदों के लिए मतदान होगा।
प्रधान पद पर 1031 और सदस्य पद पर 2158 प्रत्याशी हैं। इन ब्लॉकों में दो प्रधान और 1104 सदस्य निर्विरोध निर्वाचित हो गए।
खास बात यह कि 621 सदस्य पदों पर किसी ने भी दावेदारी पेश नहीं की। ऐसे में प्रधान पद पर 1031 और सदस्य पद पर 433 प्रत्याशियों की किस्मत का फैसला मतदान 637 बूथों पर होगा।
सुरक्षा के दृष्टिकोण से 63 संवेदनशील, 79 अति संवेदनशील और 24 अति संवेदनशील प्लस बूथ चिंहित किए गए हैं। अति संवेदनशील प्लस 24 बूथों पर वीडियोग्राफी होगी।
एजेंट बूथ के बाहर वोटरों पर नजर रखेंगे। एजेंट बूथ के द्वार पर रहेंगे। बूथ के अंदर नहीं जाएंगे। बूथों पर ग्राम प्रधान और सदस्य का अलग बैलेट बॉक्स होगा।
एक बूथ पर एक पीठासीन अधिकारी और तीन पोलिंग अफसरों की टीम मुस्तैद कर दी गई हैं। मतदान की पूर्व संध्या पर तमाम अधिकारी भ्रमण पर रहे।
डीएम और एसएसपी ने शाम को चारों ब्लाक में जाकर मतदान केंद्रों की जांच की। सुरक्षा बंदोबस्त देखे। मतदान कर्मियों को निष्पक्ष होकर कार्रवाई करने को कहा।
किसी के प्रलोभन में नहीं आने की बात कही। मतदान कर्मियों को ठहरने और खाने पीने की इंतजाम परखा। आरओ और एआरओ को साफ कहा कि कुछभी गड़बड़ी पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नहीं झेलनी पड़ेगी बसों की किल्लत
इस बार चुनाव के चलते शहरियों को बसों की किल्लत नहीं झेलनी पड़ेगी। वजह, यात्रियों की असुविधा को देखते हुए आयोग ने ग्राम पंचायत चुनाव में रोडवेज बसों को नहीं लगाने का निर्णय लिया है।
पोलिंग पार्टियों को प्राइवेट बसों से पोलिंग स्टेशनों पर भेजा जाएगा। बुलंदशहर और सिंकदराबाद डिपो से नोएडा भेजी गईं 12 बसों को शुक्रवार को वापस लौटा दिया गया।
एआरएम एसपी सिंह ने बताया कि चुनाव आयोग का आदेश प्राप्त हुआ है कि चुनाव में रोडवेज की बसों का इस्तेमाल न कर प्राइवेट बसों को लगाया जाए। 12 बसें शुक्रवार को नोएडा से लौटा दी गईं।