अलीगढ़ के रहने वाला है शातिर गैंग
सीओ खुर्जा पूर्णिमा सिंह ने बताया कि खुर्जा कोतवाली पुलिस शुक्रवार को उस्मापुर बंबे पर चेकिंग कर रही थी। तभी पुलिस ने संदिग्ध रूप से जा रहे एक महिला और दो युवकों को रोका। उनके पास से काफी मात्रा में नकदी व गहने थे। पूछताछ में आरोपियों की पहचान सिमरन निवासी मुरारी नगर, धर्मेंद्र निवासी खेरली भाव थाना रखुपुरा जनपद गौतमबुद्ध नगर और मोहित निवासी हामीदपुर थाना टप्पल जनपद अलीगढ़ के रूप में हुई।
पिछली बार अश्विनी से हुई थी सिमरन की शादी
आरोपियों के खिलाफ 28 जनवरी 2025 को अश्वनी प्रताप सिंह निवासी चौरोली रोड जेवर ग्रेटर नोएडा ने मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें आरोपियों ने जनवरी माह में धोखाधड़ी कर अश्वनी की सिमरन से शादी कराई। इसके बाद सिमरन उनके घर से 1.50 लाख रुपये नकदी, दो जोड़ी पाजेब, मोबाइल और मंगल सूत्र चोरी कर भाग गई थी। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि धर्मेंद्र व मोहित ऐसे लोगों की तलाश करते हैं जो लंबे से अविवाहित होते हैं।
दो से तीन दिन में सिमरन हो जाती थी रफूचक्कर
उनसे दोस्ती कर अपने रिश्तेदारी की लड़की से शादी कराने का आश्वासन देते थे। फिर सिमरन की शादी कराते थे। शादी के दो तीन दिन बाद सिमरन घर से नकदी व गहने चोरी कर भाग जाती थी। पुलिस ने आरोपियों के पास से एक जोड़ी पायल, 5,490 रुपये और एक फर्जी आधार कार्ड बरामद किया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक का कहना है कि आरोपी गिरोह के सदस्य पूर्व में भी पांच घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। इसमें सभी घटनाओं का विवरण लिया जा रहा है।