बरहाना निवासी एक महिला की स्याना सीएचसी में गर्भवती होने के बावजूद नसबंदी कर दी गई। जब गर्भवती होने के लक्षण सामने आने लगे तो मामला सामने आया। अब परिजन चिकित्सक की लापरवाही को लेकर बृहस्पतिवार को सीएमओ से मिले।
बरहाना गांव निवासी सवित त्यागी के तीन बच्चे हैं। उसने अपनी पत्नी पूनम का स्याना सीएचसी पर तीन दिसंबर 2015 को नसबंदी ऑपरेशन कराया था। नियमानुसार ऑपरेशन से पूर्व प्रेगनेंसी का टेस्ट होता है। ऑपरेशन के करीब एक माह बाद पूनम के गर्भवती होने का आभास होने लगा।
इसको गंभीरता से लेते हुए जब जांच कराई तो पूनम गर्भवती मिलीं। सवित ने बताया कि बृहस्पतिवार को चिकित्सक की लापरवाही की शिकायत सीएमओ को भेजी है। सवित त्यागी ने बताया कि समय-समय पर उनकी पत्नी की तबीयत भी बिगड़ रही है।
ऑपरेशन से पूर्व प्रेगनेंसी की जांच में कई बार रिपोर्ट फेल की आ जाती है। महिला की डिलीवरी में कोई परेशानी नहीं होगी। लापरवाही का कारण क्या रहा है, इसकी जांच की जाएगी। पीड़ित परिवार ने कोई शिकायत नहीं की है। - डॉ. मोहित जैन, प्रभारी, सीएचसी, स्याना
मामला गंभीर है और मेरी जानकारी में है। एसीएमओ डॉ. रेखा शर्मा को जांच के आदेश दे दिए है। - डॉ. दीपक ओहरी, सीएमओ, बुलंदशहर